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19 साल के इन दो भारतीय बच्चों के आगे अमेजन-फ्लिपकार्ट भी बौने, 10 मिनट में कर दिया खेल

Zepto Success Story: 2021 में जेप्टो की शुरुआत के समय कैवल्य वोहरा और आदित पालीचा 19-19 साल के थे। कोविड के बाद ऑनलाइन किराना डिलीवरी की लोकप्रियता तेजी से बढ़ी, जिसका फायदा जेप्टो को भी मिला, जो कि एक ऑनलाइन ग्रॉसरी डिलीवरी कंपनी है।

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जेप्टो भारत की 111वीं यूनिकॉर्न कंपनी बन गई

Photo : BCCL
KEY HIGHLIGHTS
  • जेप्टो बन गई यूनिकॉर्न
  • 100 करोड़ डॉलर से अधिक हो गई वैल्यू
  • 19 साल के 2 युवाओं ने की थी शुरुआत

Zepto Success Story: हाल ही में ऑनलाइन ग्रॉसरी डिलीवरी स्टार्टअप जेप्टो (Zepto) भारत की 111वीं यूनिकॉर्न कंपनी बन गई है। यूनिकॉर्न उस स्टार्टअप या कंपनी को कहते हैं जिसकी वैल्यू 100 करोड़ डॉलर हो जाए। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जेप्टो को नई फंडिंग में 20 करोड़ डॉलर या 1652 करोड़ रु मिले हैं, जिससे इसकी वैल्यू 140 करोड़ डॉलर (11556 करोड़ रु) हो गई है।

जेप्टो को दो युवाओं आदित पालीचा (Aadit Palicha) और कैवल्य वोहरा (Kaivalya Vohra) ने 2021 में शुरू किया था। आगे जानिए किस आइडिया से जेप्टो को इतनी कामयाबी मिली कि दो युवा अमेजन (Amazon) और फ्लिपकार्ट (Flipkart) को टक्कर दे रहे हैं।

19 साल के युवाओं का कमाल

2021 में जेप्टो की शुरुआत के समय कैवल्य वोहरा और आदित पालीचा 19-19 साल के थे। कोविड के बाद ऑनलाइन किराना डिलीवरी की लोकप्रियता तेजी से बढ़ी, जिसका फायदा जेप्टो को भी मिला, जो कि एक ऑनलाइन ग्रॉसरी डिलीवरी कंपनी है। खास बात यह है कि जेप्टो कोविड आने के बाद देश का पहला यूनिकॉर्न भी है।

इन शहरों में फैला है जेप्टो का कारोबार

  • दिल्ली-एनसीआर
  • मुंबई
  • पुणे
  • बेंगलुरु
  • कोलकाता
  • चेन्नई
  • हैदराबाद

किस आइडिया से मिली कामयाबी

जेप्टो का आइडिया उन्हें फास्ट डिलिवरी ऑप्शन से आया, जो कि 10 मिनट में डिलिवरी करने का क्लेम करती है। यही वो आइडिया है, जिससे जेप्टो अमेजन और फ्लिपकार्ट जैसी दिग्गजों से टक्कर ले पा रही है।

बचपन के दोस्तों का कमाल

आदित पालीचा और कैवल्य वोहरा दोनों बचपन के दोस्त हैं और दोनों ने Stanford University में एडमिशन लिया। हालांकि दोनों ने ही अपने बिजनेस के सपने को पूरा करने के लिए Stanford University में अपनी पढ़ाई बीच में छोड़ दी थी। फिर जेप्टो की शुरुआत से उन्होंने कामयाबी हासिल की।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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