Stock Market Crash Today (आज शेयर मार्केट क्रैश): शेयर मार्केट क्रैश आज शेयर बाजार में क्यों आई गिरावट। शेयर बाजार में शुक्रवार 24 अप्रैल, 2026 को बड़ा क्रैश देखने को मिला है। बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी 1-1 फीसदी से ज्यादा लुढ़क गए हैं। इसके अलावा ब्रॉड और सेक्टोरल मार्केट में भी बड़ी गिरावट देखने को मिली है।
बाजार की इस तेज गिरावट ने निवेशकों की संपत्ति पर बड़ा झटका दिया है। बीते सत्र में कुल मार्केट कैप करीब ₹466.10 लाख करोड़ था, जो आज घटकर लगभग ₹460.04 लाख करोड़ रह गया है। यानी एक ही दिन में करीब 7 लाख करोड़ रुपये की वैल्यू साफ हो गई। BSE Sensex और Nifty 50 में 1% से ज्यादा की गिरावट के साथ यह नुकसान हुआ है, जहां व्यापक बिकवाली के चलते लार्जकैप के साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयर भी दबाव में आ गए और निवेशकों की दौलत तेजी से घटती नजर आई।
कितने गिरे सेंसेक्स और निफ्टी?
शेयर बाजार में आज भारी दबाव के बीच कमजोरी के साथ कारोबार खत्म हुआ, जहां Nifty 50 24,000 के नीचे 23,897 पर बंद हुआ और 1.14% की गिरावट दर्ज की, जबकि BSE Sensex करीब 1,000 अंक टूटकर 76,681 के स्तर पर 1.27% फिसल गया। दिनभर ऊपरी स्तर से लगातार गिरावट और निचले स्तर के करीब क्लोजिंग यह संकेत देती है कि बाजार में बिकवाली हावी रही और निवेशकों का सेंटिमेंट पूरे सत्र में दबाव में बना रहा।
| इंडेक्स | लेवल | बदलाव | % बदलाव | ओपन | हाई | लो | प्रीवियस क्लोज |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| Nifty 50 | 23,897.95 | -275.10 | -1.14% | 24,100.55 | 24,206.00 | 23,813.65 | 24,173.05 |
| BSE Sensex | 76,681.29 | -982.71 | -1.27% | 77,483.80 | 77,710.82 | 76,403.87 | 77,664.00 |
आज शेयर बाजार में चौतरफा दबाव
ब्रॉड मार्केट में भी भारी दबाव देखने को मिला, जहां मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स 1% से ज्यादा टूटे। Nifty 100, Nifty 200 और Nifty 500 सभी करीब 1.3% तक फिसले, जिससे यह साफ हुआ कि गिरावट केवल लार्जकैप तक सीमित नहीं रही।
सेक्टोरल फ्रंट पर भी लगभग सभी सेक्टर लाल निशान में रहे। सबसे ज्यादा दबाव IT सेक्टर में दिखा, जहां Nifty IT में करीब 5% की बड़ी गिरावट दर्ज हुई। इसके अलावा फार्मा, FMCG, रियल्टी और बैंकिंग शेयरों में भी कमजोरी देखने को मिली, जो बाजार में व्यापक सेलिंग का संकेत है।
आज शेयर मार्केट क्रैश गिरावट की 5 बड़ी वजहें
बाजार में गिरावट के पीछे कई बड़े फैक्टर एक साथ काम कर रहे हैं, जिनमें सबसे अहम कच्चे तेल की कीमतों का 106 डॉलर के आसपास बने रहना है, जिससे महंगाई और इकोनॉमिक दबाव की चिंता बढ़ी है। इसके साथ ही विदेशी निवेशकों की लगातार चौथे दिन की बिकवाली ने बाजार पर भारी दबाव डाला है, जबकि Nifty IT में करीब 5% की गिरावट, खासकर Infosys, TCS और HCL Technologies जैसे शेयरों में कमजोरी, बाजार को नीचे खींच रही है। वहीं कमजोर ग्लोबल संकेत और जियोपॉलिटिकल तनाव ने निवेशकों का भरोसा कम किया है, जबकि India VIX के 19 के पार जाने से बाजार में डर और अनिश्चितता और बढ़ गई है, जिससे चौतरफा बिकवाली देखने को मिल रही है।
1. कच्चे तेल की कीमतों में उछाल : ब्रेंट क्रूड 106 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बना हुआ है, जिससे महंगाई और आर्थिक संतुलन पर दबाव की आशंका बढ़ गई है।
2. FII की लगातार बिकवाली : विदेशी निवेशकों की लगातार चौथे दिन की बिकवाली, जिसमें 3,200 करोड़ रुपये से ज्यादा की निकासी हुई, बाजार पर भारी पड़ रही है।
3. IT सेक्टर में भारी गिरावट : Infosys, TCS, HCL Technologies और Tech Mahindra जैसे शेयरों में 4–6% की गिरावट ने बाजार को नीचे खींचा।
4. कमजोर ग्लोबल संकेत : अमेरिकी बाजारों में गिरावट और जियोपॉलिटिकल तनाव ने निवेशकों की धारणा को कमजोर किया है।
5. बढ़ती वोलैटिलिटी : India VIX 19 के पार पहुंच गया है, जो बाजार में डर और अनिश्चितता को दर्शाता है।
