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सोना खरीदने से पहले जान लें SBI की ये 6 बातें, मान लिया तो मिल जाएगा सस्ता

Sovereign Gold Bonds Scheme 2023-24: गोल्ड बॉन्ड पर 2.5 फीसदी फिक्स रिटर्न दिया जाता है। ये रिटर्न हर 6 महीने में दिया जाता है। इससे निवेशकों को एक स्थिर इनकम मिलती है।

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एसबीआई ने सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड स्कीम के लाभ बताए

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • एसबीआई ने बताए गोल्ड बॉन्ड स्कीम के फायदे
  • एसजीबी पर मिलता है एश्योर्ड रिटर्न
  • मिलेगी कैपिटल गेन टैक्स छूट भी

Sovereign Gold Bonds Scheme 2023-24: 2023-24 के लिए सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड (SGB) की पहली किश्त सोमवार, 19 जून को सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गई। यह स्कीम 27 जून, 2023 की सेटलमेंट डेट के साथ 23 जून तक खुली है। यानी निवेश का मौका 23 जून तक है। बता दें कि इस स्कीम में सस्ता सोना खरीदने का मौका मिलता है, क्योंकि बॉन्ड का रेट आम तौर पर सोने के मार्केट रेट से कम होता है। देश के सबसे बड़े बैंक एसबीआई (SBI) ने भी इस योजना के 6 फायदे बताए हैं।

एश्योर्ड यानी गारंटीड रिटर्न

गोल्ड बॉन्ड पर 2.5 प्रतिशत एश्योर्ड रिटर्न मिलता है, जो हर 6 महीने में मिलता है। यह रिटर्न निवेशकों को एक स्थिर इनकम देता है, जिससे ये बॉन्ड एक आकर्षक निवेश ऑप्शन बन जाते हैं।

स्टोरेज सुविधा और सिक्योरिटी

एसजीबी का दूसरा फायदा है फिजिकल सोने को स्टोर करने से जुड़ी दिक्कतों का खत्म होना, जिससे सेफ्टी का फायदा मिलता है। फिजिकल स्टोरेज की जरूरी के बिना निवेशक अपने निवेश को बॉन्ड में सुरक्षित रखकर मन की शांति का आनंद ले सकते हैं।

कैपिटल गेन टैक्स छूट

एसजीबी स्कीम के तहत रिडेम्पशन पर कोई कैपिटल गेन टैक्स नहीं लगता। इससे आपका डबल फायदा होता है।

लिक्विडिटी और ट्रेडेबिलिटी

एसजीबी लिक्विडिटी देते हैं, क्योंकि इन्हें जारी करने के 15 दिन के अंदर ही आप स्टॉक एक्सचेंजों पर इनका ट्रेड कर सकते हैं। इससे आप 15 दिन बाद ही जरूरत पड़ने पर इन्हें बेचकर पैसा हासिल कर सकते हैं।

लोन के लिए कोलेट्रोल

एसजीबी का एक और आकर्षक पहलू है कि इन्हें लोन के लिए बतौर कोलेट्रोल (सिक्योरिटी) जमा किया जा सकता है। लोन-टू-वैल्यू (एलटीवी) रेशियो आरबीआई द्वारा मैंडेट किए गए साधारण गोल्ड लोन के बराबर तय किया गया है।

न जीएसटी न मेकिंग चार्ज

फिजिकल गोल्ड के उलट इन बॉन्ड को पर जीएसटी से छूट मिलती है। इसके अलावा, इन बांडों में निवेश करते समय निवेशकों पर मेकिंग चार्ज का बोझ नहीं पड़ता है।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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