SIP for Home Loan: आज के समय में बड़े शहरों जैसे दिल्ली, नोएडा या गुरुग्राम में घर खरीदना आसान नहीं है। प्रॉपर्टी की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं और बिना लोन के घर लेना मुश्किल हो गया है। लेकिन लोन लेने का मतलब सिर्फ मूलधन (Principal) चुकाना नहीं, बल्कि उस पर भारी-भरकम ब्याज (Interest) भी चुकाना पड़ता है। यही वजह है कि होमलोन की EMI शुरू होते ही अगर आप छोटी-सी SIP भी शुरू कर दें, तो लंबे समय में आपका ब्याज का बोझ लगभग जीरो हो सकता है।
लोन और ब्याज का कैलकुलेशन
मान लीजिए आपने बैंक से 30 लाख रुपए का होमलोन लिया है, जिसकी अवधि 20 साल है और ब्याज दर लगभग 8.25% है। ऐसे में आपकी EMI करीब 25,562 रुपए प्रति माह बनेगी। पूरे 20 साल में आप बैंक को सिर्फ ब्याज के रूप में 31.34 लाख रुपए देंगे। यानी 30 लाख का लोन लेकर अंत में आपको 61.35 लाख रुपए चुकाने होंगे।
लोन अमाउंट : ₹30 लाख
ब्याज दर : 8.25%
लोन अवधि : 20 साल
EMI : ₹25,562
कुल ब्याज : ₹31,34,873
बैंक को कुल भुगतान : ₹61,34,873
EMI के साथ शुरू करें SIP
अब मान लीजिए आप EMI के साथ हर महीने उसकी सिर्फ 12% रकम यानी करीब 3,000 रुपए SIP में डालना शुरू कर दें। अगर यह SIP आप किसी अच्छे म्यूचुअल फंड में 20 साल तक करते हैं और औसतन 14% सालाना रिटर्न मिलता है, तो 20 साल बाद SIP की वैल्यू लगभग 39.50 लाख रुपए हो जाएगी।
मंथली SIP : ₹3,000
अनुमानित सालाना रिटर्न : 14%
अवधि : 20 साल
कुल निवेश : ₹7.20 लाख
मैच्योरिटी वैल्यू : ₹39.50 लाख
ब्याज से फायदा : ₹32.30 लाख
ब्याज का बोझ होगा खत्म
इस कैलकुलेशन से साफ है कि 20 साल बाद आपकी SIP से जो ब्याज लाभ (ग्रोथ) मिलेगा, वह आपके होमलोन पर दिए गए ब्याज के बराबर है। यानी आपने SIP के जरिए अपने ब्याज का खर्चा लगभग जीरो कर लिया। अगर आपकी वित्तीय क्षमता है और आप 3,000 रुपए से ज्यादा SIP कर सकते हैं, तो संभव है कि 20 साल बाद आपके पास इतना पैसा हो जाए कि पूरा लोन ही ब्याज समेत खत्म किया जा सके।
