SBI IMPS: देश का सबसे बड़ा बैंक, भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने ATM फीस के बाद अब इमीडिएट पेमेंट सर्विस (IMPS) सर्विस चार्ज बढ़ाने का ऐलान किया है। बता दें कि बैंक ने 12 जनवरी को ATM ट्रांजैक्शन फीस बढ़ाने के बाद यह कदम उठाया है। बैंक की वेबसाइट पर पब्लिश लेटेस्ट रेट चार्ट के अनुसार, रिवाइज्ड IMPS चार्ज 15 फरवरी से लागू होंगे। गौरतलब है कि IMPS का इस्तेमाल तुरंत फंड ट्रांसफर के लिए किया जाता है। इसका इस्तेमाल बहुत सारे लोग अपने को पैसा भेजने के लिए करते हैं। इस चार्ज में बढ़ोतरी से बहुत सारे लोगों पर असर होगा।
IMPS चार्ज में कितनी बढ़ोतरी हुई?
SBI ने 25,000 रुपये से ज्यादा के ऑनलाइन IMPS ट्रांजैक्शन के लिए नए चार्ज लगाए हैं, यह कैटेगरी पहले फ्री थी। बैंक ब्रांच में IMPS ट्रांसफर अभी भी फ्री हैं।
नए बदलाव के तहत—
- 10,000 रुपये तक: IMPS ट्रांसफर ऑनलाइन और ब्रांच दोनों चैनलों पर फ्री रहेंगे।
- 10,000 रुपये से ज्यादा और 25,000 रुपये तक: चार्ज में कोई बदलाव नहीं हुआ है। यानी ऑनलाइन ट्रांसफर फ्री रहेंगे, जबकि ब्रांच ट्रांसफर पर 4 रुपये प्लस GST लगते रहेंगे।
- 25,000 रुपये से ज्यादा और 1 लाख रुपये तक: ऑनलाइन ट्रांसफर पर अब 2 रुपये प्लस GST लगेंगे, जबकि पहले यह सर्विस फ्री थी।
- 1 लाख रुपये से ज्यादा और 2 लाख रुपये तक: ऑनलाइन ट्रांसफर के लिए चार्ज बढ़कर 6 रुपये प्लस GST हो जाएंगे।
- 2 लाख रुपये से ज्यादा और 5 लाख रुपये तक: कस्टमर्स को ऑनलाइन 10 रुपये प्लस GST देने होंगे।
- इन स्लैब के लिए ब्रांच-चैनल चार्ज में कोई बदलाव नहीं हुआ है, जो ट्रांसफर अमाउंट के आधार पर 4 रुपये से 20 रुपये प्लस GST तक हैं।
किसे बढ़ोतरी से छूट मिली है?
SBI ने कहा कि कई सैलरी और स्पेशल अकाउंट कैटेगरी के लिए IMPS फ्री रहेगा। इनमें डिफेंस सैलरी पैकेज, केंद्र सरकार सैलरी पैकेज, पेंशन सैलरी पैकेज, रेलवे सैलरी पैकेज और शौर्य फैमिली पेंशन अकाउंट शामिल हैं। कुछ चुनिंदा इंस्टीट्यूशनल और फैमिली-लिंक्ड सेविंग अकाउंट को भी छूट दी गई है।
