बिजनेस

Retail Inflation: औद्योगिक श्रमिकों के लिए घटी खुदरा महंगाई, जून में रही 3.67 प्रतिशत

Retail Inflation For Industrial Workers: श्रम मंत्रालय के बयान के मुताबिक औद्योगिक कामगारों के लिए अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई-आईडब्ल्यू) जून, 2024 में 141.4 अंक रहा। इसके पहले मई के महीने में यह 139.9 अंक था।

Image

औद्योगिक श्रमिकों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति घटी

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • औद्योगिक श्रमिकों को राहत
  • जून में घटी खुदरा महंगाई
  • घटकर रही 3.67 प्रतिशत

Retail Inflation For Industrial Workers: कुछ खाद्य उत्पादों की कीमतें कम होने से औद्योगिक श्रमिकों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति जून के महीने में घटकर 3.67 प्रतिशत पर आ गई। श्रम मंत्रालय ने मंगलवार को बयान में कहा कि जून, 2024 में सालाना आधार पर मुद्रास्फीति घटकर 3.67 प्रतिशत हो गई जबकि जून, 2023 में यह 5.57 प्रतिशत पर थी। औद्योगिक श्रमिकों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति मासिक आधार पर भी घटी है। मई के महीने में यह 3.86 प्रतिशत पर थी।

ये भी पढ़ें -

कितना रहा सीपीआई-आईडब्ल्यू

श्रम मंत्रालय के बयान के मुताबिक औद्योगिक कामगारों के लिए अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई-आईडब्ल्यू) जून, 2024 में 141.4 अंक रहा। इसके पहले मई के महीने में यह 139.9 अंक था।

कपड़ों और जूतों के सेगमेंट का इंडेक्स मई के 143.6 अंकों से बढ़कर जून में 144.2 अंकों पर पहुंच गया। पान, सुपारी, तंबाकू और मादक पदार्थों का सेगमेंट भी मई के 161.2 अंकों से बढ़कर जून में 161.6 अंकों पर पहुंच गया।

कैसे तय होता है खुदरा महंगाई का ये डेटा

सीपीआई-आईडब्ल्यू के तहत खाद्य एवं पेय समूह का सूचकांक जून में 148.7 रहा जबकि मई में यह 145.2 अंक था। श्रम एवं रोजगार मंत्रालय से संबद्ध श्रम ब्यूरो औद्योगिक श्रमिकों के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक जारी करता है। यह देशभर के 88 औद्योगिक केंद्रों में मौजूद 317 बाजारों से जुटाए आंकड़ों के आधार पर खुदरा महंगाई के आंकड़े जारी करता है। (इनपुट - भाषा)

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

और पढ़ें
End of Article