अगर आप भी हाई वैल्यू ट्रांजेक्शन करते हैं तो ये खबर आपके काम की साबित हो सकती है। नकद में बड़ी खरीदारी या भारी लेन-देन करने वालों के लिए अब सतर्क होने का समय है। इनकम टैक्स विभाग (Income Tax) ने अपनी सख्ती बढ़ाते हुए 'फॉर्म-60' और 'फॉर्म-97' जैसे वैकल्पिक रास्तों को बंद कर दिया है, जिससे अब कई हाई-वैल्यू ट्रांजैक्शन के लिए पैन (PAN Card) कार्ड जरुरी हो गया है। अगर आप भी महंगी गाड़ी, सोना या बड़ी प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं, तो यह खबर आपकी जेब और प्लानिंग दोनों पर बड़ा असर डाल सकती है। आईये बताते हैं कौन से 7 काम आप बिना पैन कार्ड के नहीं कर सकते हैं?
सोना और लग्जरी कारों की खरीदारी पर असर
नए नियमों के तहत, अगर आप लिमिट से ज्यादा (आमतौर पर ₹2 लाख से ऊपर) का सोना या आभूषण खरीदते हैं, तो पैन कार्ड देना जरूरी होगा। इसी तरह, पुरानी या नई कार की खरीद-बिक्री के लिए भी पैन की अनिवार्यता को और सख्त कर दिया गया है। सरकार चाहती है कि हर बड़े खर्च का मिलान व्यक्ति की घोषित आय (Income Tax Return) से किया जा सके। यदि कोई व्यक्ति अपनी कमाई से कहीं ज्यादा खर्च कर रहा है और उसके पास पैन कार्ड नहीं है, तो वह सिस्टम की नजर में तुरंत आ जाएगा।
प्रॉपर्टी और बैंकिंग में बढ़ेगी सख्ती
सिर्फ खरीदारी ही नहीं, बल्कि अचल संपत्ति (Immovable Property) जैसे जमीन या मकान की रजिस्ट्री के लिए भी पैन कार्ड के बिना काम नहीं चलेगा। ₹5 लाख से अधिक की प्रॉपर्टी की डील में पैन कार्ड अनिवार्य है। बैंकिंग सेक्टर की बात करें, तो अब ₹50,000 से अधिक नकद जमा करने या सावधि जमा (Fixed Deposit) खुलवाने के लिए पैन देना पहले से ही जरूरी है, लेकिन अब इसकी मॉनिटरिंग और भी तेज कर दी गई है। यदि बैंक में पैन कार्ड अपडेट नहीं है, तो आपका टीडीएस (TDS) भी दोगुनी दर से कट सकता है।
विदेश यात्रा और होटल के बिल पर लगाम
क्या आप विदेश घूमने का प्लान बना रहे हैं? नए नियमों के अनुसार, ₹50,000 से अधिक के विदेशी मुद्रा (Foreign Currency) एक्सचेंज या विदेश यात्रा के भुगतान के लिए पैन कार्ड देना होगा। इसके अलावा, अगर आप किसी होटल या रेस्टोरेंट में एक बार में ₹50,000 से ज्यादा का नकद भुगतान करते हैं, तो वहां भी आपसे पैन नंबर मांगा जाएगा। सरकार इन नियमों के जरिए 'हाई स्पेंडिंग' करने वाले लोगों का डेटाबेस तैयार कर रही है ताकि टैक्स चोरी की गुंजाइश को खत्म किया जा सके।
रुक सकते हैं ये जरूरी काम
पैन कार्ड न होने की स्थिति में आपके कई डिजिटल और फाइनेंशियल काम रुक सकते हैं। म्यूचुअल फंड में निवेश, शेयर बाजार में ट्रेडिंग अकाउंट खुलवाना या इंश्योरेंस प्रीमियम का भारी भुगतान (₹50,000 से अधिक) पैन के बिना मुमकिन नहीं होगा। यहां तक कि क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन करने पर भी पैन की अनिवार्यता लागू रहती है। यदि आप अपनी बैंकिंग लिमिट को बढ़ाना चाहते हैं या नया खाता खोलना चाहते हैं, तो पैन कार्ड आपकी पहली जरूरत बन चुका है।
अगर पैन नहीं तो नहीं कर पाएंगे ये काम
| लेन-देन का प्रकार (Transactions) | नई शर्त / सीमा (Limit) |
| गाड़ी या मोटर वाहन की खरीद | ₹5 लाख से अधिक की खरीदारी पर |
| क्रेडिट कार्ड (Credit Card) | नए क्रेडिट कार्ड के आवेदन के लिए |
| डीमैट अकाउंट (Demat Account) | शेयर बाजार में खाता खुलवाने के लिए |
| म्यूचुअल फंड और बॉन्ड में निवेश | ₹50,000 से अधिक के निवेश (RBI बॉन्ड समेत) पर |
| नकद जमा और निकासी | एक साल में ₹10 लाख से अधिक के ट्रांजैक्शन पर |
| शेयरों की खरीद-बिक्री (Listed) | प्रति ट्रांजैक्शन ₹1 लाख से अधिक के कॉन्ट्रैक्ट पर |
| अनलिस्टेड शेयर (Unlisted Shares) | प्रति ट्रांजैक्शन ₹1 लाख से अधिक की खरीद-बिक्री पर |
