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खाने वाले तेल-तिलहन का भाव 8 नवंबर 2025: सरसों, मूंगफली, सोयाबीन और पामतेल के ताजा रेट

Edible Oils-Oilseeds Prices: मंडियों में आवक घटने से स्थानीय बाजार में सोयाबीन तिलहन के भाव बढ़े। सटोरिया गतिविधियों के चलते सरसों तेल-तिलहन के दाम भी मजबूत रहे। बाजार सूत्रों के अनुसार, सुस्त कारोबार के बीच मूंगफली तेल-तिलहन, कच्चा पामतेल (सीपीओ), पामोलीन, सोयाबीन तेल और बिनौला तेल के भाव पूर्व स्तर पर स्थिर रहे। तेल-तिलहन के ताजा भाव जानिए।

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तेल और तिलहन का ताजा भाव जानिए (तस्वीर-Canva)

Edible Oils-Oilseeds Prices : मंडियों में आवक कम रहने के कारण स्थानीय बाजार में शुक्रवार को सोयाबीन तिलहन कीमतों में सुधार आया। इसके अलावा सटोरिया गतिविधियों के कारण सरसों तेल-तिलहन के दाम भी मजबूत बने रहे। बाजार सूत्रों ने कहा कि सुस्त कामकाज के बीच मूंगफली तेल-तिलहन, कच्चा पामतेल (सीपीओ) एवं पामोलीन, सोयाबीन तेल और बिनौला तेल के दाम पूर्वस्तर पर स्थिर बने रहे। सूत्रों ने कहा कि महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश की मंडियों में सोयाबीन का हाजिर दाम न्यूनतम समर्थन मूल्य से काफी नीचे होने से किसानों द्वारा मंडियों में सोयाबीन की बिक्री कम है। केवल पैसों के जरुरतमंद किसान ही अपनी उपज को बेच रहे हैं। इस कारण से सोयाबीन तिलहन के दाम में सुधार है। जबकि आयातकों द्वारा लागत से कम दाम पर बिकवाली करने की वजह से सोयाबीन तेल के दाम स्थिर दिखे।

न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक सटोरिया गतिविधियों की वजह से सरसों तेल-तिलहन कीमतों में भी सुधार है जबकि सरकार, स्टॉकिस्टों और किसानों के पास सरसों का स्टॉक मौजूद है। इस बार दाम अच्छा मिलने से सरसों की बिजाई भी बेहतर हुई है। उन्होंने कहा कि जाड़े में जमने के गुण की वजह से पाम-पामोलीन तेल की मांग प्रभावित हुई है। जिसके कारण दाम स्थिर रहे। जबकि एक समय कुछ तेल विशेषज्ञ पाम-पामोलीन तेल के दाम में और मजबूती आने का अनुमान जता रहे थे। मौजूदा स्थिति तो इसके एकदम उलट है और ऐसी समीक्षाओं के प्रति संदेह उत्पन्न करता है। सुस्त एवं नीरस कामकाज के बीच मूंगफली तेल-तिलहन और बिनौला तेल के दाम भी पूर्वस्तर पर बंद हुए।

तेल-तिलहनों के भाव इस प्रकार रहे

तेल-तिलहनकीमत प्रति क्विंटल
सरसों तिलहन7,075-7,125 रुपये प्रति क्विंटल
मूंगफली5,900-6,275 रुपये प्रति क्विंटल
मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) 14,050 रुपये प्रति क्विंटल
मूंगफली रिफाइंड तेल2,290-2,590 रुपये प्रति टिन
सरसों तेल दादरी14,850 रुपये प्रति क्विंटल
सरसों पक्की घानी2,480-2,580 रुपये प्रति टिन
सरसों कच्ची घानी2,480-2,615 रुपये प्रति टिन
सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली13,300 रुपये प्रति क्विंटल
सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर13,000 रुपये प्रति क्विंटल
सोयाबीन तेल डीगम, कांडला10,150 रुपये प्रति क्विंटल
सीपीओ एक्स-कांडला11,380 रुपये प्रति क्विंटल
बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)12,400 रुपये प्रति क्विंटल
पामोलिन आरबीडी, दिल्ली13,200 रुपये प्रति क्विंटल
पामोलिन एक्स- कांडला12,150 रुपये (बिना जीएसटी के) प्रति क्विंटल
सोयाबीन दाना4,550-4,600 रुपये प्रति क्विंटल
सोयाबीन लूज4,250-4,350 रुपये प्रति क्विंटल
महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश की मंडियों में सोयाबीन का हाजिर भाव न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) से काफी नीचे चल रहा है, जिसके कारण किसान अपनी उपज की बिक्री से परहेज़ कर रहे हैं। केवल वे किसान, जिन्हें तुरंत पैसों की आवश्यकता है, वही मंडियों में सोयाबीन बेच रहे हैं। इस सीमित आवक के चलते सोयाबीन तिलहन के दामों में सुधार देखा जा रहा है। दूसरी ओर, आयातकों द्वारा लागत से कम कीमत पर बिकवाली करने के कारण सोयाबीन तेल के दाम स्थिर बने हुए हैं।
Ramanuj Singh
रामानुज सिंहauthor

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल फाइनेंस, शेयर बाजार, इनकम टैक्स, बैंकिंग, बुलियन और कमोडिटी मार्केट जैसे विषयों पर गहरी विशेषज्ञता विकसित की है। जर्नलिज्म में एमए की डिग्री और वर्षों के अनुभव से विकसित विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ, रामानुज जटिल वित्तीय विषयों को सरल, विश्वसनीय और प्रभावी तरीके से पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। अब तक वे 22,000 से अधिक स्टोरीज लिख चुके हैं।

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