iPhone Export Touch 10,000 Crore From India: Apple ने मई के महीने में भारत से रिकॉर्ड iPhone का निर्यात किया है। मई में यह आंकड़ा 10,000 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। अहम बात यह है कि भारत से दूसरे देशों में जाने वाले हर 10 फोन में से आठवां फोन iPhone है। आंकड़ों से साफ है कि भारत एप्पल के लिए नया एक्सपोर्ट हब बन रहा है। और इसी आंकड़े के जरिए भारत दुनिया की दूसरी दिग्गज कंपनियों को भारत में निवेश के लिए आमंत्रित करना चाहता है। ऐसी संभावना है कि इस बार का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अमेरिकी दौरा,इस दिशा में नई पहल का गवाह बन सकता है। खास तौर से जब दुनिया के सबसे अमीर शख्स एलन मस्क भारत में टेस्ला की एंट्री की कोशिश में लगे हुए हैं।
चीन की जगह भारत पर है नजर
इकोनॉमिक्स टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार इंडियन सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक एसोसिएशन के ताजा आंकड़ों में मई में iPhone का निर्यात 10 हजार करोड़ रुपये पार कर गया है। जो इस बात का सबूत है कि Apple अब भारत पर बड़ा दांव लगा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार वित्त वर्ष 2022-23 में एप्पल ने भारत से 5 अरब डॉलर का निर्यात किया है। ऐसा करने वाले एप्पल भारत का पहला ब्रांड हो गया है। यह आंकड़ा इसलिए भी मायने रखता है कि एप्पल चीन से अपने प्रोडक्शन को धीरे-धीरे शिफ्ट कर रहा है। जो कि दुनिया में सबसे ज्यादा आईफोन का प्रोडक्शन करता है। इस समय चीन दुनिया का करीब 98 फीसदी एप्पल का उत्पादन करता है।
गैप ज्यादा फिर भारत क्यों है चीन के लिए खतरे की घंटी
मौजूदा समय में चीन और भारत की तुलना की जाय तो दोनों देशों में काफी बड़ा गैप दिखाई देता है। ईटी की एक रिपोर्ट के अनुसार चीन करीब 23 करोड़ आईफोन का उत्पादन करता है। जबकि भारत की करीब 30 लाख आईफोन का उत्पादन करता है। जाहिर है कि यह गैप बहुत बड़ा है। लेकिन अच्छी बात यह है कि भारत टॉप आईफोन निर्माताओं की लिस्ट में आ गया है। वोल्जा की एक रिपोर्ट के अनुसार, चीन के बाद सबसे ज्यादा आईफोन का निर्यात भारत, विएतनाम और पेरू का नंबर आता है। इसके अलावा अमेरिका की दिग्गज आईफोन निर्माता कंपनी Cupertino ने भारत को दूसरा सबसे बड़ा प्रोडक्शन हब बना लिया है। साफ है कि एप्पल भारत को फ्यूचर का प्रोडक्शन हब मान रही है। इस समय भारत से यूएएई, भूटान और सिंगापुर आईफोन का निर्यात किया जरा है।
