IMF Approved Bailout Sri Lanka: श्रीलंका को अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की तरफ से 2.9 बिलियन डॉलर की मदद करने के अनुरोध को मंजूरी दे दी है। इसकी मदद से देश चल रहे आर्थिक संकट से कम होने और उससे उबरने की उम्मीद है। इस बात की जानकारी आईएमएफ के बोर्ड ने दी है और बताया है कि उसने ऋण पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। इससे श्रीलंका आर्थिक रूप से मदद करने का रास्ता साफ हो गया है।
आईएमएफ ने कहा टैक्स नीति में सुधार करें श्रीलंका
इस मदद के साथ आईएमएफ के प्रबंध निदेशक, क्रिस्टालिना जॉर्जीवा ने श्रीलंका को अपने टैक्स नीति में सुधार और गरीबों के लिए अधिक सामाजिक सुरक्षा देने की बात कही है। साथ ही भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने के लिए चेतावनी दी है। श्रीलंका के राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे ने सोमवार को एक बयान में कहा कि, "मैं आईएमएफ और हमारे अंतरराष्ट्रीय भागीदारों के सपोर्ट के लिए आभारी हूं। हम विवेकपूर्ण राजकोषीय प्रबंधन और हमारी महत्वाकांक्षी योजनाओं से अर्थव्यवस्था को लंबे समय तक पटरी पर लाएंगे।
देश में भोजन से लेकर दवाओं तक की भारी कमी
श्रीलंका विदेशी मुद्रा भंडार की बड़ी कमी के कारण आजादी के बाद से सबसे खराब आर्थिक मंदी में जूझ रहा है। अप्रैल 2022 में श्रीलंका अपने विदेशी ऋण को भी नहीं चुका पाया था। लगभग 22 मिलियन आबादी वाले इस हिंद महासागर के देश में सबसे जरूरी आयातों के लिए भी नकदी की कमी है। आर्थिक कुप्रबंधन, भोजन, ईंधन और दवाओं की भारी कमी और अत्यधिक मुद्रास्फीति पर व्यापक विरोध ने तत्कालीन राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे को देश से बाहर भागना पड़ा। साथ उन्हें जुलाई इस्तीफा भी देना पड़ा। विक्रमसिंघे ने राष्ट्रपति के रूप में राजपक्षे की जगह ली और आईएमएफ सहायता को सुरक्षित करने के प्रयास में खर्च में कटौती और कर वृद्धि को लागू किया। आईएमएफ कर्मचारियों ने सितंबर में बेलआउट को अस्थायी रूप से मंजूरी दे दी थी, लेकिन अंतिम मंजूरी रुकी थी जो कि अब पूरी हो गई है।
