बिजनेस

बोर्ड की कॉपी चेक करने वाले को कितने पैसे मिलते हैं? सोच भी नहीं सकते कॉपी चेकर की इनकम

क्या आपने कभी सोचा है कि आपकी कॉपियां कौन चेक करता है और उन शिक्षकों को इस काम के बदले कितने पैसे मिलते हैं? अगर नहीं तो आइए बताते हैं बोर्ड कॉपी चेक करने के लिए कितने पैसे मिलते हैं?

Image

Board Copy Checking fees

बोर्ड परीक्षाएं समाप्त होते ही छात्रों के मन में रिजल्ट को लेकर उत्सुकता बढ़ जाती है। आज MP Board का रिजल्ट जारी हो गया वहीं CBSE बोर्ड का भी रिजल्ट जल्द आ सकता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आपकी कॉपियां कौन चेक करता है और उन शिक्षकों को इस काम के बदले कितने पैसे मिलते हैं? कॉपियों की जांच की प्रक्रिया अत्यंत गोपनीय और सख्त नियमों के तहत होती है। चाहे सीबीएसई हो या कोई स्टेट बोर्ड, हर जगह मूल्यांकन के लिए अनुभवी शिक्षकों की एक पूरी टीम काम करती है। आइए जानते हैं कि 2026 के सत्र में अलग-अलग बोर्ड कॉपियां चेक करने के लिए कितना भुगतान कर रहे हैं।

कैसे होता है परीक्षकों (Examiners) का चयन?

बोर्ड की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच केवल उन्हीं शिक्षकों द्वारा की जाती है जिन्हें बोर्ड नियुक्त करता है। इसके लिए स्कूल अपने सबसे अनुभवी और योग्य शिक्षकों की लिस्ट बोर्ड को भेजते हैं। मूल्यांकन टीम में कई स्तर होते हैं सबसे ऊपर 'हेड एग्जामिनर' होते हैं जो पूरी प्रक्रिया की निगरानी करते हैं, उनके नीचे 'असिस्टेंट एग्जामिनर' कॉपियां चेक करते हैं, और फिर 'स्क्रूटिनाइजर' होते हैं जो यह सुनिश्चित करते हैं कि नंबर जोड़ने में कोई गलती न हुई हो।

अलग अलग बोर्ड्स में कॉपी चेकिंग के रेट्स

  • CBSE Board (सीबीएसई): सीबीएसई को सबसे बेहतर भुगतान करने वाला बोर्ड माना जाता है। रिपोर्ट्स के अनुसार, कक्षा 10वीं की एक कॉपी चेक करने के लिए शिक्षक को ₹25 और कक्षा 12वीं के लिए ₹30 मिलते हैं। इसके अलावा, शिक्षकों को प्रतिदिन ₹250 का यात्रा भत्ता (TA) और ₹75 का भोजन भत्ता भी दिया जाता है।
  • UP Board (यूपी बोर्ड): यूपी सरकार ने हाल ही में पारिश्रमिक दरों में बढ़ोतरी की है। यहां मूल्यांकन केंद्र के मुख्य नियंत्रक को प्रति एग्जामिनर ₹8 मिलते हैं। वहीं कॉपियां जांचने वाले शिक्षकों को प्रति कॉपी लगभग ₹12 से ₹15 (कक्षा के अनुसार) मिलते हैं। साथ ही केंद्र व्यवस्थापकों को ₹200 प्रतिदिन का मानदेय मिलता है।
  • MP Board (एमपी बोर्ड): मध्य प्रदेश बोर्ड में कॉपियां जांचने के लिए शिक्षकों को कक्षा 10वीं के लिए करीब ₹12 से ₹15 और 12वीं के लिए ₹18 से ₹20 प्रति कॉपी दिए जाते हैं। यहां भी शिक्षकों को स्थानीय यात्रा भत्ता देने का प्रावधान है।
  • AP Board (आंध्र प्रदेश बोर्ड): दक्षिण भारतीय बोर्ड्स में दरें थोड़ी भिन्न हैं। यहां प्रति कॉपी मूल्यांकन के लिए औसतन ₹20 से ₹25 तक का भुगतान किया जाता है, जिसमें कोडिंग और डिकोडिंग के लिए अलग से छोटा शुल्क भी शामिल होता है।
  • ICSE Board (आईसीएसई): आईसीएसई बोर्ड अपने उच्च मानकों के लिए जाना जाता है। यहां पारिश्रमिक दरें सीबीएसई के लगभग बराबर या उससे थोड़ी अधिक हो सकती हैं, जो ₹30 से ₹40 प्रति कॉपी तक जा सकती हैं, क्योंकि यहाँ मूल्यांकन की प्रक्रिया बहुत विस्तृत होती है।
Richa Tripathi
रिचा त्रिपाठीauthor

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिचा, पर्सनल फाइनेंस, स्टॉक मार्केट, टैक्स प्लानिंग और अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। अब तक 8,000 से अधिक कंटेंट लिख चुकी रिचा की विशेषता है—जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाना। वह ऐसी स्टोरीज तैयार करती हैं जो न केवल जानकारीपूर्ण होती हैं, बल्कि आम पाठक की वित्तीय समझ को बेहतर बनाने में भी मदद करती हैं।

और पढ़ें
End of Article