MSP For Tur Dal: अकसर किसान अपनी फसल का सही दाम न मिलने की शिकायत करते हैं। इनमें दाल की की खेती करने वाले किसान भी शामिल होते हैं। इसीलिए केंद्र सरकार फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य या एमएसपी (MSP) भी तय करती है। मगर सरकार का नया फैसला तुअर दाल के किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी साबित होगा। दरअसल सरकार किसानों से एमएसपी से अधिक रेट पर तुअर दाल खरीदेगी और पहली बार दाल उत्पादकों की फसल का पैसा सीधा उनके बैंक खाते में ट्रांसफर किया जाएगा। इससे बिचौलियों की भूमिका खत्म होगी और किसान सरकार को तुअर (अरहर) मौजूदा बाजार मूल्य पर बेच सकेंगे। केंद्र सरकार ने तुअर दाल का बफर स्टॉक भी बना रखा है।
कौन खरीदेगा सरकार की ओर से दाल
दो सरकारी एजेंसियां (NAFED और NCCF) डायनामिक प्राइस (गतिशील मूल्य या बदलती कीमत) फॉर्मूले के तहत एमएसपी से अधिक भुगतान करके तुअर दाल खरीदेंगी। इस समय मंडियों में कीमतें बेंचमार्क प्राइस से ऊपर चल रही हैं।
महाराष्ट्र के लातूर (जो इस कमोडिटी का केंद्र है) में सोमवार को तुअर की मंडी कीमतें 2023-24 सीज़न (जुलाई-जून) के लिए घोषित एमएसपी 7,000 रुपये प्रति क्विंटल के मुकाबले लगभग 9,500-9,600 रुपये प्रति क्विंटल रहीं।
3 दिन में मिलेगा पैसा
तुअर दाल की खरीद के लिए यह नया मैकेनिद्म जल्द ही केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह द्वारा लॉन्च किया जाएगा। तुअर दाल की खरीद के तीन दिन के भीतर किसानों को पैसा मिल जाएगा।
कैसे तय होगा डायनामिक प्राइस
डायनामिक प्राइस एक सप्ताह से चल रही मंडी कीमतों के आधार पर निर्धारित की जाएगी। इसमें वह दिन भी शामिल है जब कोई किसान NAFED और NCCF को अपनी फसल बेचेगा। टीओआई के अनुसार एक अधिकारी के मुताबिक बाजार मूल्य देने का सरकार का आश्वासन किसानों को अधिक अरहर उगाने के लिए प्रोत्साहित करेगा और हम जरूरी बफर स्टॉक भी बनाने में सक्षम होंगे।
