ET Now Leadership Dialogues 2024: अपनी 15वीं वर्षगांठ पर ईटी नाउ, ईटी नाउ लीडरशिप डायलॉग्स 2024 की मेजबानी कर रहा है। इस मंच पर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के गवर्नर शक्तिकांत दास ने शिरकत की और देश की इकोनॉमी पर अपना नजरिया देश के सामने रखा। शक्तिकांत दास ने कहा कि जीडीपी ग्रोथ को लेकर हम आशावादी हैं। उन्होंने भारत की ग्रोथ स्टोरी पर बात की। शक्तिकांत दास ने कहा कि अर्थव्यवस्था के सभी वित्तीय पहलू स्थिर बने हुए हैं।
7.2 फीसदी की दर से ग्रोथ का भरोसा
शक्तिकांत दास ने कहा कि मौजूदा वित्त वर्ष में हमें 7.2 फीसदी की दर से ग्रोथ हासिल करने का भरोसा है। साथ ही उन्होंने कहा कि हमें हैरानी नहीं होगी की जीडीपी की ग्रोथ 8 फीसदी पर पहुंच जाए। अगर आप पिछले तीन साल के एवरेज को देखें तो आर्थिक विकास दर 8.3 फीसदी से अधिक है।
आर्थिक गतिविधियां बढ़ीं
रिजर्व बैंक के गर्वनर ने कहा कि देश में आर्थिक गतिविधियां बढ़ी हैं। खासकर जनवरी से मार्च की तिमाही में इसमें मजबूत ग्रोथ दखने को मिली है और ये मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही में भी मजबूत नजर आ रही हैं। उन्होंने कहा कि FY25 की पहली तिमाही में 7.3 फीसदी ग्रोथ को लेकर हम आशावादी हैं। साथ ही रिजर्व बैंक के गर्वनर ने कहा कि महंगाई दर पर हमने संतुलन बन रखा है।
ग्रामीण मांग में इजाफा
शक्तिकांत दास ने कहा कि ग्रामीण सेक्टर की मांग में बढ़ोतरी देखने को मिली है और यह कोविड महामारी के बाद पहली नजर आया है। एफएमसीजी प्रोडक्ट्स की बिक्री में इजाफा देखने को मिल रहा है। ग्रामीण मांग बढ़ रही है और रुझान बता रहे हैं कि यह बनी रहेगी। कोविड के बाद से पिछड़ रही ग्रामीण मांग में अब सुधार होने लगा है। उन्होंने कहा कि एक्सटर्नल डिमांड में भी बढ़ोतरी हुई है। खासकर आईटी सर्विस की डिमांड बढ़ी है।
बढ़ रहा प्राइवेट निवेश
शक्तिकांत दास ने कहा कि जनवरी-मार्च तिमाही में चालू खाता घाटा पिछली तिमाहियों से कम रहने की संभावना है। फॉरेन एक्सचेंज को लेकर उन्होंने कहा कि जब भी हमें मौका मिलेगा अब इसे और बढ़ाना जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि प्राइवेट निवेश बढ़ रहा है। महंगाई दर कम हो रही है, लेकिन इसकी रफ्तार धीमी है।
