Budget 2023: भारत में मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने और गैर-जरूरी वस्तुओं के आयात पर अंकुश लगाने के लिए केंद्र सरकार आगामी बजट में ज्वैलरी और हाई एंड इलेक्ट्रॉनिक आइटम सहित कुछ प्रोडक्ट्स पर सीमा शुल्क में वृद्धि की घोषणा कर सकती है। सरकार ने 35 से ज्यादा प्रोडक्ट्स की एक लिस्ट तैयार की है, जिनका केंद्रीय बजट 2023-24 में संभावित शुल्क वृद्धि के विश्लेषण किया जा रहा है। 1 फरवरी को घोषित होने वाले बजट में 35 से अधिक वस्तुओं की सूची में सीमा शुल्क वृद्धि देखी जा सकती है। इसमें प्राइवेट जेट, आभूषण, हेलीकॉप्टर, प्लास्टिक के सामान, हाई एंड इलेक्ट्रॉनिक आइटम, उच्च चमक वाले कागज और विटामिन शामिल हैं।
सीमा शुल्क बढ़ा
इस संदर्भ में एक सरकारी अधिकारी ने इकोनॉमिक टाइम्स को बताया कि विभिन्न मंत्रालयों से मिले इनपुट के आधार पर एक लिस्ट तैयार की गई है, जिसकी जांच की जा रही है। इन चीजों पर सीमा शुल्क बढ़ाने के कदम का उद्देश्य इनमें से कुछ उत्पादों के स्थानीय विनिर्माण को बढ़ावा देने के साथ-साथ आयात को कम करना है।
मेक इन इंडिया को मिलेगा बढ़ावा
पिछले महीने पीयूष गोयल (Piyush Goyal) के नेतृत्व वाले वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने विभिन्न मंत्रालयों को गैर-आवश्यक वस्तुओं की एक लिस्ट के साथ आने का निर्देश दिया था, जिनके आयात को इम्पोर्ट टैरिफ वृद्धि के माध्यम से हतोत्साहित करने की आवश्यकता है। इसके अलावा गैर-आवश्यक वस्तुओं के आयात को हतोत्साहित करना नीति निर्माताओं की लॉन्ग टर्म रणनीति का हिस्सा है। पिछले कुछ वर्षों से भारत ने 2014 में शुरू की गई अपनी मेक इन इंडिया (Make in India) पहल को बढ़ावा देने के लिए कई सामानों पर सीमा शुल्क में वृद्धि की घोषणा की है। इसका उद्देश्य बाद में आत्मनिर्भर भारत (Aatmanirbhar Bharat) योजना का समर्थन करना था।
पिछले साल इन प्रोडक्ट्स का बढ़ा था शुल्क
पिछले बजट में केंद्र ने स्थानीय विनिर्माण को गति प्रदान करने के लिए नकली आभूषण, छाता और इयरफोन सहित कई वस्तुओं पर आयात शुल्क बढ़ाया था। इस बीच सरकार ने पिछले साल सोने के आयात पर अंकुश लगाने के लिए आयात शुल्क भी बढ़ा दिया था।
