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Australian Visa: ऑस्ट्रेलिया हर साल 1000 भारतीयों को देगा वर्किंग, अवकाश वीजा

Australian Visa: वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने बताया कि भारत-ऑस्ट्रेलिया आर्थिक सहयोग और व्यापार समझौते में शामिल कामकाजी एवं अवकाश वीजा देने की प्रतिबद्धता एक अक्टूबर, 2024 से चालू हो जाएगी।

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वर्किंग वीजा देगा ऑस्ट्रेलिया

Australian Visa: भारत-ऑस्ट्रेलिया अंतरिम मुक्त व्यापार समझौते में जताई गई प्रतिबद्धता के तहत ऑस्ट्रेलिया एक अक्टूबर से भारतीय नागरिकों को हर साल 1,000 कामकाजी एवं अवकाश वीजा देना शुरू करेगा। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर गए वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने गुरुवार को कहा कि इस कदम से आवागमन में सुविधा होगी और दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क बढ़ेगा।

गोयल ने गुरुवार को सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट में कहा कि ऑस्ट्रेलिया यात्रा पर यह जानकर खुशी हुई कि भारत-ऑस्ट्रेलिया आर्थिक सहयोग और व्यापार समझौते में शामिल कामकाजी एवं अवकाश वीजा देने की प्रतिबद्धता एक अक्टूबर, 2024 से चालू हो जाएगी। यह आवागमन को आसान बनाएगा और लोगों के बीच संपर्क को बढ़ाएगा। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच आर्थिक सहयोग एवं व्यापार समझौता (ईसीटीए) दिसंबर, 2022 में लागू हुआ था।

इस समझौते के तहत 18-30 वर्ष की आयु के भारतीय नागरिक ऑस्ट्रेलिया में काम करने, पढ़ाई करने और यात्रा करने के लिए एक साल के वीजा का आवेदन कर सकते हैं। ऑस्ट्रेलिया अपने कानून के तहत पात्रता शर्तों को पूरा करने वाले भारतीय नागरिकों को सालाना 1,000 तक ‘मल्टीपल एंट्री’ वाला कामकाजी एवं अवकाश वीजा देगा। दोनों ही देश अब इस समझौते को व्यापक आर्थिक सहयोग समझौते (सीईसीए) का रूप देने को लेकर बातचीत कर रहे हैं।

वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने बयान में कहा कि गोयल की इस यात्रा ने दोनों पक्षों को सीईसीए की दिशा में प्रगति और ईसीटीए से जुड़ी पहल के कार्यान्वयन की समीक्षा करने का अवसर दिया। ऑस्ट्रेलियाई और भारतीय कंपनियों के साथ बातचीत से भी दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश संबंधों में वृद्धि होगी।

इस बीच, मंत्रालय ने एक अलग बयान में कहा कि भारत-मिस्र संयुक्त व्यापार समिति (जेटीसी) का छठा सत्र 16-17 सितंबर, 2024 को नयी दिल्ली में आयोजित किया गया। इस दौरान दोनों देशों ने व्यापार और निवेश में द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने के लिए कई क्षेत्रों की पहचान की, जिसमें स्वेज नहर आर्थिक क्षेत्र (एससीईजेड), दवा, रत्न एवं आभूषण, इंजीनियरिंग, पेट्रोलियम एवं खनन और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण शामिल हैं।

राष्ट्रीय लघु उद्योग निगम (एनएसआईसी) और मिस्र की एमएसएमई विकास एजेंसी (एमएसएमईडीए) के बीच सहयोग संबंधी समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर की मंजूरी मिल गई है।

Ramanuj Singh
रामानुज सिंहauthor

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल फाइनेंस, शेयर बाजार, इनकम टैक्स, बैंकिंग, बुलियन और कमोडिटी मार्केट जैसे विषयों पर गहरी विशेषज्ञता विकसित की है। जर्नलिज्म में एमए की डिग्री और वर्षों के अनुभव से विकसित विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ, रामानुज जटिल वित्तीय विषयों को सरल, विश्वसनीय और प्रभावी तरीके से पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। अब तक वे 22,000 से अधिक स्टोरीज लिख चुके हैं।

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