बिजनेस

मार्च 2024 तक जमीन पर खड़े हो जाएंगे 200 हवाई जहाज, Indigo के 90 से ज्यादा विमानों पर पड़ेगा असर

CAPA India On Aviation Sector: कापा इंडिया ने अपना मिड-ईयर आउटलुक जारी किया है। कापा ने अपने अनुमानों में कहा है कि भारतीय एविएशन इंडस्ट्री के 200 विमान वित्त वर्ष 2023-24 के अंत तक जमीन पर खड़े हो सकते हैं।

Image

200 विमान जमीन पर खड़े होंगे

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • 200 विमान होंगे ऑपरेशन से बाहर
  • जमीन पर खड़े होंगे ये विमान
  • इंडिगो पर पड़ेगा सबसे अधिक असर

CAPA India On Aviation Sector: एविएशन कंसल्टेंसी फर्म कापा इंडिया (CAPA India) ने अपना मिड-ईयर आउटलुक जारी किया है। कापा ने अपने अनुमानों में कहा है कि भारतीय एविएशन इंडस्ट्री के 200 विमान वित्त वर्ष 2023-24 के अंत तक जमीन पर खड़े हो सकते हैं। यानी 200 विमान ऐसे होंगे जो उड़ान नहीं भर पाएंगे।

जमीन पर खड़े या ग्राउंडेड विमानों में सबसे अधिक भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो (Indigo) के हो सकते हैं। इंडिगो के 90 से अधिक विमानों के ग्राउंड पर खड़े होने की संभावना है। इसके बाद टाटा ग्रुप की एयर इंडिया (Air India) और स्पाइसजेट (Spicejet) के प्रत्येक 25-30 विमान इसमें शामिल हो सकते हैं। इसके अलावा, मई में उड़ानें निलंबित करने के बाद से गो फर्स्ट के पहले से ही 54 विमान जमीन पर ही हैं।

कितने यात्री भरेंगे उड़ान

कापा का अनुमान है कि चालू वित्त वर्ष में 15.5 करोड़ घरेलू और 7 करोड़ अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों के फ्लाइट से ट्रेवल करने की उम्मीद है। एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया और नागरिक उड्डयन महानिदेशालय के अनुसार, 2022-23 (अप्रैल-मार्च) में भारतीय हवाई अड्डों पर 5.7 करोड़ अंतरराष्ट्रीय यात्री रजिस्टर हुए और घरेलू हवाई यात्रियों की संख्या 13.6 करोड़ रही।

सप्लाई चेन में अड़चन

कापा इंडिया ने कहा है कि सप्लाई चेन अब एक गंभीर मुद्दा है, और ये अनुमान से अधिक प्रभावी हो सकता है। मार्च तक भारत में वेट लीज़ विमानों की संख्या लगभग 30 हो सकती है क्योंकि इंडिगो और स्पाइसजेट इस मॉडल पर नए विमान शामिल कर रहे हैं जिसके तहत एक विमान को चालक दल के साथ पट्टे यानी लीज पर लिया जाता है।

हवाई किराए के मामले में, कापा ने कहा कि कैपेसिटी में कमी के बावजूद सामान्य स्थिति बन रही है। सितंबर तिमाही में औसत किराए में साल दर साल 12.7% की गिरावट आई और मार्च तिमाही में इसमें कुछ और कमी आने की उम्मीद है।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

और पढ़ें
End of Article