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क्या है इजराइल की नेतजाह येहुदा बटालियन? जिसको ब्लैकलिस्ट करने जा रहा अमेरिका, भड़के नेतन्याहू

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Apr 21, 2024, 01:53 PM IST

US sanctions on Israeli army IDF battalion: इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने शनिवार देर रात एक बयान में कहा, इजरायल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) पर प्रतिबंध नहीं लगाया जाना चाहिए। इजरायली प्रधानमंत्री ने आगे कहा, हमारे सैनिक आतंकियों से लड़ रहे हैं और आईडीएफ इकाई पर प्रतिबंध लगाने का इरादा बेतुकेपन की पराकाष्ठा है।

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बेंजामिन नेतन्याहू

Photo : Twitter

US sanctions on Israeli army IDF battalion: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इजरायल रक्षा बलों (IDF) की नेतजाह येहुदा बटालियन पर प्रतिबंध लाने के अमेरिकी सरकार की योजना की निंदा की है। रिपोर्ट के अनुसार, प्रतिबंध आईडीएफ बटालियन के सैनिकों द्वारा वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनियों के खिलाफ किए गए कथित मानवाधिकार उल्लंघन के लिए है। ऐसी खबरें हैं कि बाइडेन प्रशासन आईडीएफ के इलीट बटालियन को ब्लैकलिस्ट करने के लिए तैयार है।

मीडिया के मुताबिक नेतन्याहू ने शनिवार देर रात एक बयान में कहा, इजरायल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) पर प्रतिबंध नहीं लगाया जाना चाहिए। इजरायली प्रधानमंत्री ने आगे कहा, हमारे सैनिक आतंकियों से लड़ रहे हैं और आईडीएफ इकाई पर प्रतिबंध लगाने का इरादा बेतुकेपन की पराकाष्ठा है। उन्होंने कहा, इजरायल की सरकार इन कदमों के खिलाफ हर संभव तरीके से कार्रवाई करेगी।

IDF बटालियन पर प्रतिबंध लगाना पागलपन

वित्त मंत्री बेजेलेल स्मोट्रिच ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक बयान में नेतजाह येहुदा पर प्रतिबंध लगाने की अमेरिकी योजना के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया और कहा, इज़राइल अपने अस्तित्व के लिए लड़ रहा है, आईडीएफ बटालियन पर प्रतिबंध लगाने का कदम पूरी तरह से पागलपन है। बता दें, अमेरिका को इजरायल का खास सहयोगी माना जाता है। अमेरिका अब इजरायल रक्षा बलों (IDF) की नेतजाह येहुदा बटालियन पर फिलिस्तीनियों के खिलाफ किए गए कथित मानवाधिकार उल्लंघन के चलते पर प्रतिबंध लगाने की योजना बना रहा है। ऐसा पहली बार होगा कि जब बाइडेन प्रशासन किसी इजरायली सैन्य इकाई के खिलाफ कार्रवाई करेगा।

क्या है नेतजा येहुदा बटालियन

बता दें, इजराइली सेना की नेतजा येहुदा बटालियन की एक बड़ी इंफ्रेंटी यूनिट है, जिसमें केवल ऐसे सैनिक शामिल होते हैं जो अपनी मान्यताओं से समझौता किए बिना स्वतंत्र रूप से बल की सेवा कर सकते हैं। इन सैनिकों को महिला सैनिकों के साथ बातचीत करने की इजाजत नहीं है। बटालियन के सैनिकों को धार्मिक अध्ययन और प्रार्थना के लिए अतिरिक्त समय दिया जाता है। दिसंबर 2022 में, इजरायल ने इस यूनिट को वेस्ट बैंक से बाहर शिफ्ट कर दिया और तब से यह देश के ज्यादातर उत्तरी हिस्सों में सेवा दे रहे हैं।

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