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US Iran War: बुशहर न्यूक्लियर प्लांट के पास हुआ हमला, एक शख्स की मौत; IAEA ने जताई चिंता

अमेरिका ईरान युद्ध के बीच ईरान के दक्षिण‑पश्चिम में स्थित बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट के पास एक प्रोजेक्टाइल (मिसाइल/बम) गिरने की घटना सामने आई है, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हुई, लेकिन संयंत्र को कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचा है और वहां के कर्मचारियों को सुरक्षित बताया गया है। IAEA (अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी) को ईरान ने बताया कि संयंत्र की संचालन स्थिति सामान्य है और किसी तरह का रेडिएशन लीक नहीं हुआ।

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ईरान के दक्षिण-पश्चिम में स्थित बुशहर परमाणु संयंत्र के पास मंगलवार को एक प्रोजेक्टाइल हमला हुआ।

US Iran War: ईरान के दक्षिण-पश्चिम में स्थित बुशहर परमाणु संयंत्र के पास मंगलवार को एक प्रोजेक्टाइल (मिसाइल या बम) गिरा। इस हमले में एक शख्स की मौत हो गई। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) को सूचित किया गया कि संयंत्र को कोई नुकसान नहीं पहुंचा और कर्मचारी सुरक्षित हैं।

बुशहर संयंत्र, ईरान का एकमात्र चालू परमाणु रिएक्टर, फारस की खाड़ी के पास स्थित है और IAEA की निगरानी में सुरक्षित संचालन कर रहा है। अधिकारियों ने पुष्टि की कि संयंत्र की संचालन स्थिति सामान्य है और किसी प्रकार का विकिरण नहीं छोड़ा गया।

अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी ने जताई चिंता

IAEA ने कहा है कि परमाणु संयंत्र के पास कोई भी हमला गंभीर रेडियोलॉजिकल खतरे को बढ़ा सकता है और संघर्ष के दौरान परमाणु सुरक्षा बनाए रखने के लिए सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की है।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाओं में रूस की रोसाटॉम ने भी इस हमले की निंदा की और सभी पक्षों से परमाणु स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और तनाव कम करने का आग्रह किया है। इससे पहले भी ईरान के बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट पर हमला किया गया था। गनीमत रही थी कि इस हमले में किसी की जान नहीं गई।

क्या काम करता है बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट ?

बुशहर प्लांट मुख्य रूप से बिजली उत्पादन के लिए है. यह 1,000 मेगावाट बिजली पैदा करता है, जो ईरान के कई लाख घरों और उद्योगों को बिजली देता है. यह सिविलियन न्यूक्लियर प्लांट है, लेकिन दुनिया इसलिए नजर रखती है क्योंकि ईरान का परमाणु कार्यक्रम संदिग्ध रहा है।

बता दें कि IAEA (अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी) इसकी निगरानी करती है। प्लांट से कोई हथियार ग्रेड सामग्री नहीं बनाई जाती, लेकिन रूस के विशेषज्ञों की मौजूदगी इसे संवेदनशील बनाती है।

ईरान ने अमेरिका लड़ाकू विमानों को बनाया निशाना

ईरान ने फारस की खाड़ी में अमेरिका के एक दूसरे एयरक्राफ्ट को मार गिराने का दावा किया है। कहा जा रहा है कि A-10 एयरक्राफ्ट बचाव कार्य में शामिल था, तभी इस पर हमला हुआ। अमेरिका ने इस फाइटर प्लेन के पायलट का रेस्क्यू कर लिया है। तेहरान एवं सीरिया सहित मध्य पूर्व के अलग-अलग इलाकों में हमले होने की रिपोर्टें हैं।

Piyush Kumar
पीयूष कुमारauthor

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घटनाओं को सटीक, सरल और असरदार अंदाज में खबरों की भाषा देना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। ब्रेकिंग न्यूज की रफ्तार हो या किसी जटिल मुद्दे को आसान बनाकर समझाने वाले एक्सप्लेनर—पीयूष दोनों में बराबर दक्षता रखते हैं। न्यूज जजमेंट, फैक्ट-बेस्ड राइटिंग और एंड-टू-एंड कॉपी प्रोडक्शन पर इनकी पकड़ मजबूत है और अबतक 4,000 से अधिक स्टोरी लिख चुके हैं।

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