पाकिस्तान के डीआई खान इलाके में फ्रंटियर कॉर्प्स पर हमला (फाइल फोटो- AP)
पाकिस्तान के अशांत खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में स्थित डेरा इस्माइल खान जिले के कोट लालू क्षेत्र में सोमवार को हुए एक आतंकवादी हमले में सुई नॉर्दर्न गैस पाइपलाइन्स लिमिटेड (SNGPL) के चार सुरक्षा जवान शहीद हो गए, जबकि ग्यारह अन्य घायल हो गए। यह हमला एक बार फिर क्षेत्र में बढ़ते सुरक्षा संकट को उजागर करता है।
‘हम न्यूज’ की रिपोर्ट के अनुसार, यह घटना उस समय हुई जब चरमपंथी समूह ‘ख्वारिज’ ने बेस कैंप (BC) और प्रोटेक्शन एफसी (Frontier Corps) PNI चौकी को निशाना बनाया। गोलीबारी के बाद हमलावर घटनास्थल से फरार हो गए। सुरक्षाबलों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए इलाके की घेराबंदी की और संदिग्ध हमलावरों की तलाश में तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
घायल जवानों को इलाज के लिए डेरा इस्माइल खान स्थित संयुक्त सैन्य अस्पताल (CMH) ले जाया गया। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, कुछ जवानों की हालत गंभीर बनी हुई है। घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और सैन्य अधिकारियों ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।
दरबान क्षेत्र, जहां यह हमला हुआ, पहले से ही एक संवेदनशील सुरक्षा ज़ोन माना जाता है। यह घटना कोई पहली बार नहीं है जब सुरक्षा बलों को निशाना बनाया गया हो। पिछले वर्षों में दरबान और आसपास के क्षेत्रों में कई आतंकी हमले और जवाबी कार्रवाई दर्ज की गई हैं:
इन घटनाओं से स्पष्ट है कि यह क्षेत्र लंबे समय से आतंकवादी गतिविधियों का केंद्र बना हुआ है और पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को लगातार चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। घटनास्थल पर राहत और बचाव दल त्वरित रूप से पहुंचे, लेकिन सवाल यह उठता है कि बार-बार ऐसे हमलों के बावजूद चरमपंथियों की पहुँच और हमला करने की क्षमता आखिर कैसे बनी हुई है।