पश्चिम एशिया में जारी ईरान-इजरायल जंग के 100वें दिन भड़के हमलों के बीच ईरानी सेना के संयुक्त कमांड ने बड़ा बयान दिया है। ईरान की संयुक्त कमांड ने कहा है कि वह अपनी आक्रामक सैन्य कार्रवाई रोक रहा है। उसने कहा कि हालिया जवाबी हमलों के बाद अब आगे के ऑपरेशन फिलहाल स्थगित किए जा रहे हैं।
ईरान ने रोके हमले
ईरान के सशस्त्र बलों ने सीजफायर का एलान करते हुए कहा कि भले ही हमने अस्थायी रूप से हमले रोके हैं लेकिन अगर इजरायल लेबनान या उसके क्षेत्र पर हमले फिर से शुरू करता है तो और भी करारा जवाब दिया जाएगा। ईरानी सशस्त्र बलों ने यह भी कहा कि इजरायल पर उसके हमले एक ऐसी प्रतिक्रिया है जिससे जायोनी शासन और उसके समर्थकों को सबक सीखना होगा।
इससे पहले, इजराइल ने सोमवार तड़के तेहरान के सिलसिलेवार मिसाइल हमलों के जवाब में ईरान के मध्य और पश्चिमी हिस्सों को निशाना बनाया था। जिस पर पलटवार करते हुए ईरान ने फिर से इजराइल पर हमले किए।
गौरतलब है कि ईरान लंबे समय से कहता रहा है कि किसी भी क्षेत्रीय युद्धविराम की शर्तों में लेबनान भी शामिल होना चाहिए। ईरानी अधिकारियों ने पहले भी चेतावनी दी थी कि यदि इजराइल बेरूत या लेबनानी क्षेत्र पर बड़े हमले करता है तो तेहरान प्रतिक्रिया देगा। आठ अप्रैल को संघर्षविराम लागू होने के बाद यह दोनों देशों के बीच अब तक की सबसे गंभीर सैन्य झड़प है।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने दी चेतावनी
वहीं, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने चेतावनी दी थी कि इजराइल की ओर से अगर पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ाया जाता है तो इसके जो भी परिणाम होंगे,उनके लिए अमेरिका जिम्मेदार होगा। उन्होंने कहा था कि कोई भी इस पर विश्वास नहीं करता कि इजराइली शासन अमेरिका के समन्वय के बिना कोई कार्रवाई करेगा।इजराइली शासन की आक्रामकता के लिए अमेरिका जिम्मेदार है और तनाव में किसी भी तरह की वृद्धि के परिणामों के लिए भी वही जिम्मेदार होगा।
ट्रंप ने किया था ये दावा
इससे पहले,अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि रविवार और सोमवार को हुई भीषण मिसाइल गोलाबारी के बाद अब इजरायल और ईरान, दोनों ही पक्ष तुरंत युद्धविराम करने के लिए तैयार हैं। डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर पोस्ट करते हुए लिखा था, "दोनों पक्ष, इजरायल और ईरान, तुरंत युद्धविराम करना चाहते हैं! 'शांति' पर अंतिम दौर की बातचीत आगे बढ़ रही है, बशर्ते कोई अज्ञानता या मूर्खता इसके आड़े न आ जाए। जब तक कोई 'अंतिम समझौता' नहीं हो जाता, तब तक नाकाबंदी पूरी ताकत और प्रभाव के साथ लागू रहेगी। चीजें तेजी से आगे बढ़नी चाहिए। इस मामले पर ध्यान देने के लिए धन्यवाद!"
नेतन्याहू ने ईरान के साथ संघर्ष रुकने की बात स्वीकार की
ईरान के बाद इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान के साथ युद्ध विराम की बात स्वीकार की। हालांकि उन्होंने भी कहा कि अगर भविष्य में हमले होते हैं तो उनका बलपूर्वक जवाब दिया जाएगा।नेतन्याहू ने एक वीडियो बयान में कहा कि इजराइल द्वारा तेहरान में आतंकी शासन पर प्रहार करने के बाद लड़ाई रुक गई। उन्होंने हालांकि कहा कि अगर ईरान गलती करता है और हम पर फिर से हमला करता है,तो हम बलपूर्वक जवाब देंगे।
