इंडोनेशिया के जावा द्वीप में भीषण भूस्खलन (प्रतीकात्मक तस्वीर)
इंडोनेशिया के जावा द्वीप में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण भीषण भूस्खलन हो गया है। इस भूस्खलन से यहां जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। एक अधिकारी ने शुक्रवार को बताया कि इस लैंडस्लाइड में दो लोगों की मौत हुई है, जबकि इस घटना में 21 अन्य लोग लापता बताए जा रहे हैं, जिनके मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, यह भूस्खलन केंद्रीय जावा प्रांत के 3 गांवों में हुआ। ये वही गांव हैं, जहां कई दिनों से लगातार मूसलाधार बारिश हो रही है। इसी वजह से दर्जनों घर बुरी तरह से प्रभावित हो गए हैं।
बता दें कि इंडोनेशिया, जो कि 17,000 द्वीपों वाला एक देश है, अक्टूबर से मार्च के बीच होने वाली भारी मौसमी बारिश के दौरान अक्सर ही बाढ़ और भूस्खलन जैसी घटनाओं का सामना करना पड़ता है। यहां लाखों लोग पहाड़ी क्षेत्रों के आसपास निवास करते हैं, जिसके कारण भूस्खलन के कारण लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त होता है और उनकी जान पर खतरा बना रहता है।
भूस्खलन की सूचना मिलते ही बचाव दल मौके पर पहुंचे और लापता लोगों की तलाश शुरू की गई। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी (NDMA) के प्रवक्ता अब्दुल मुहारी ने बताया कि भूस्खलन वाले इलाके में 'गोल्डन ऑवर' (यह वह सबसे महत्वपूर्ण समय होता है, जिसमें तुरंत बचाव कार्य चलाने पर जीवन बचाए जाने की संभावना सबसे अधिक होती है) के दौरान खोज करना चुनौतीपूर्ण था, क्योंकि इस क्षेत्र में भूस्खलने के मलबे के अलावा भी कई कठिनाइयां थी। लेकिन बावजूद इसके, संयुक्त टीम ने शुक्रवार सुबह ही बचाव अभियान फिर से शुरू किया।
इस बीच राष्ट्रीय खोज और बचाव एजेंसी द्वारा के वीडियो जारी किया गया है। जारी इस वीडियो में बचावकर्मी मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए कड़ी मशक्कत करते दिखाई दे रहे हैं। बचाव अभियान की गति बढ़ाने के लिए भारी उपकरण तैनात किए गए हैं, जबकि बचावकर्मी कठिन क्षेत्रों तक पहुंचने के लिए निकासी उपकरण और हाथ के औजारों का भी उपयोग कर रहे हैं।
जावा द्वीप में इस तरह की घटनाएं बार-बार देखने को मिलती हैं क्योंकि इंडोनेशिया की एक बड़ी आबादी पहाड़ी क्षेत्रों या उपजाऊ बाढ़ मैदानों के पास रहती है। यह भौगोलिक स्थिति मानसून के दौरान उन्हें भूस्खलन और बाढ़ के प्रति अत्यधिक संवेदनशील बना देती है। गौरतलब है कि इसी केंद्रीय जावा प्रांत में जनवरी महीने में भी तेज बारिश के बाद बाढ़ और भूस्खलन हुआ था, जिसमें 20 से अधिक लोग अपनी जान गंवा चुके थे। अधिकारियों ने कहा कि बचाव अभियान को सफल बनाने और लापता लोगों को जल्द से जल्द सुरक्षित निकालने के लिए सभी एजेंसियां मिलकर काम कर रही हैं।