NATO F-16 Crashed : नाटो और अमेरिका को रूस से एक बड़ा झटका मिला है। रूस से युद्ध लड़ने के लिए नाटो की ओर से दिए गए अमेरिकी एफ-16 लड़ाकू विमान रूसी हमले का शिकार हो गया। रूसी मिसाइलों की जद में आकर फाइटर प्लेन तबाह हो गया और उसे उड़ा रहे यूक्रेन के पायलट की मौत हो गई। 24 फरवरी 2022 से रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद से इस तरह की यह पहली घटना है। रूस से युद्ध लड़ने के लिए अमेरिका और नाटो यूक्रेन को हथियारों की आपूर्ति करते आ रहे हैं।
सोमवार को रूसी हमले का शिकार हुआ फाइटर प्लेन
बीबीसी की रिपोर्ट में यूक्रेन के सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि फाइटर जेट सोमवार को रूसी मिसाइल हमलों का शिकार हुआ। इस हमले में फाइटर जेट को उड़ा रहे पायलट ओलेक्सी मेस की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि यह अमेरिकी एफ-16 इस महीने की शुरुआत में यूक्रेन पहुंचा था। हालांकि, यूक्रेन की सेना का दावा है कि यह फाइटर प्लेन सीधे रूसी मिसाइल के हमलों के सामने नहीं आया था।
यूक्रेन की सेना ने फाइटर जेट की पहचान उजागर नहीं की
सेना ने कहा कि युद्ध शुरू होने के बाद रूस की ओर से यह अब तक का सबसे बड़ा हवाई हमला था। फाइटर जेट के पायलट ने तीन क्रूज मिसाइलों और एक ड्रोन को नष्ट किया। यूक्रेन की वायु सेना ने सोशल मीडिया में जारी अपने एक बयान में कहा कि रूसी मिसाइलों के भीषण हमलों से पायलट ने यूक्रेन को बचाया। हालांकि, वीरता दिखाते हुए उसने अपनी जान दे दी। यूक्रेन की सेना ने फाइटर जेट की पहचान उजागर नहीं की। लेकिन सेना के एक सूत्र ने बताया कि पायलट अमेरिकी एफ-16 उड़ा रहा था।
नीदरलैंड भेजेगा और लड़ाकू विमान
बता दें कि यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने मंगलवार को आधिकारिक रूप से बताया कि रूसी मिसाइलों एवं ड्रोन हमलों को नाकाम करने के लिए एफ-16 की तैनाती की जा रही है। यही नहीं, जेलेंस्की ने रूस के भीतर तक मार करने के लिए लंबी दूरी की मिसाइलों के इस्तेमाल की इजाजत नाटो से मांगी। वहीं, नीदरलैंड के रक्षा प्रमुख ने कहा कि उनका देश यूक्रेन को 24 और फाइटर जेट्स देगा।
