India China Agreement at LAC: चीन ने पुष्टि की है कि उसने पूर्वी लद्दाख में दोनों सेनाओं के बीच गतिरोध खत्म करने के लिए भारत के साथ समझौता कर लिया है। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने एक मीडिया ब्रीफिंग में कहा, हाल ही में चीन और भारत सीमा से संबंधित मुद्दों पर राजनयिक और सैन्य चैनलों के माध्यम से बातचीत करते रहे हैं। अब दोनों पक्ष मामलों पर एक प्रस्ताव पर पहुंच गए हैं जिनके बारे में चीन हमेशा से कहता आया है। उन्होंने कहा कि आगे चलकर चीन इन प्रस्तावों को लागू करने के लिए भारत के साथ काम करेगा। हालांकि, उन्होंने विवरण देने से इनकार कर दिया।
मोदी और जिनपिंग की मुलाकात पर क्या कहा
रूस के कजान में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के इतर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय बैठक पर उन्होंने कहा कि अगर कुछ भी सामने आता है तो हम आपको अपडेट रखेंगे। बता दें कि भारत ने सोमवार को घोषणा की थी कि वह पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर गश्त पर चीन के साथ एक समझौते पर पहुंच गया है, जो दोनों सेनाओं के बीच चार साल से अधिक लंबे सैन्य गतिरोध को समाप्त करने में एक बड़ी सफलता है।
बता दें कि सोमवार 21 अक्टूबर 2024 को ही खबर आई थी कि वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर पूर्वी लद्दाख वाले इलाके में गतिरोध और तनाव कम करने के लिए भारत और चीन की तरफ से बड़ी पहल हुई है। पूर्वी लद्दाख में भारत और चीन दोनों संयुक्त रूप से गश्त करने पर सहमत हो गए हैं। ब्रिक्स समिट के लिए पीएम मोदी के रूस रवाना होने से ठीक एक दिन पहले ये खबर आई।
गश्त को लेकर समझौते पर पहुंचे
इस संबंध में विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि भारतीय और चीनी वार्ताकार पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर गश्त को लेकर एक समझौते पर पहुंच गए हैं। विदेश सचिव ने कहा कि भारतीय और चीनी वार्ताकार बाकी मुद्दों को सुलझाने के लिए पिछले कुछ हफ्तों से संपर्क में थे। समझा जाता है कि यह समझौता डेपसांग और डेमचोक इलाकों में गश्त से संबंधित है।
समझौते की खबर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए रूसी शहर कजान की यात्रा से एक दिन पहले आई थी। इस समझौते के बाद उम्मीद है कि पीएम मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के मौके पर द्विपक्षीय बैठक कर सकते हैं।
क्या मोदी-जिनपिंग मुलाकात होगी?
जानकारी के मुताबिक दडेपसांग प्लेन्स और डेमचोक उन प्वाइंट्स में शामिल हैं जिन्हें लेकर विवाद है, अब इन दोनों जगहों पर भी संयुक्त गश्त होगी। मिस्री से यह पूछे जाने पर कि क्या कजान में ब्रिक्स समिट से इतर चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से पीएम मोदी से मुलाकात होगी। इस सवाल पर उन्होंने कहा कि हाल के सप्ताहों से दोनों देशों के बीच कूटनीतिक एवं सैन्य स्तर पर बातचीत जारी है। दोनों तरफ से किसी द्विपक्षीय बैठकों के लिए हम अभी भी समय और ब्योरे को लेकर समन्वय स्थापित कर रहे हैं।
