यूटिलिटी

अब WhatsApp से हो जाएंगे आयुष्मान कार्ड के कई काम, बैलेंस भी पता चलेगा, Save कर लें यह नंबर

आयुष्मान सारथी WhatsApp चैटबॉट स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे आयुष्मान भारत (PM-JAY) के करोड़ों लाभार्थियों को सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं तक आसान, तेज और सुरक्षित पहुंच मिलेगी।

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ayushman chatbot

देश के करोड़ों आयुष्मान भारत लाभार्थियों के लिए बड़ी सुविधा शुरू की गई है जो लोगों के लिए किसी संजीवनी से कम नहीं है। अभी तक हमें आयुष्मान कार्ड के बैलेंस और सेवाओं के बारे में जानकारी के लिए आयुष्मान ऐप या फिर वेबसाइट की मदद लेनी पड़ती थी लेकिन अब अब आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PM-JAY) से जुड़ी कई महत्वपूर्ण सेवाओं का लाभ सीधे WhatsApp पर लिया जा सकेगा। इसके लिए नेशनल हेल्थ अथॉरिटी (NHA) ने 'आयुष्मान सारथी' WhatsApp चैटबॉट लॉन्च किया है, जिससे लोग 24×7 अपनी जरूरत की स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।

एक मैसेज से शुरू होगी पूरी प्रक्रिया

नेशनल हेल्थ अथॉरिटी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक यदि आपके पास आयुष्मान कार्ड है तो केवल 7290823838 नंबर पर "Hi" भेजना होगा। इसके बाद चैटबॉट एक्टिव हो जाएगा और विभिन्न सेवाओं के विकल्प उपलब्ध कराएगा। इससे लोगों को सरकारी वेबसाइट या कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

WhatsApp पर आयुष्मान कार्ड की कौन-कौन सी जानकारी मिलेगी

  • आयुष्मान भारत योजना के लिए अपनी पात्रता की जांच करना।
  • आयुष्मान कार्ड से जुड़ी सेवाओं की जानकारी और लाभ प्राप्त करना।
  • कार्ड का उपलब्ध बैलेंस देखना।
  • अपने इलाज और मेडिकल रिकॉर्ड की जानकारी प्राप्त करना।
  • नजदीकी सूचीबद्ध (Empanelled) अस्पताल की खोज करना।
  • किसी समस्या या शिकायत को ऑनलाइन दर्ज कराना।

24×7 उपलब्ध रहेगी सेवा

नेशनल हेल्थ अथॉरिटी का दावा है कि यह सुविधा सप्ताह के सातों दिन और दिन-रात 24 घंटे उपलब्ध रहेगी यानी लाभार्थी किसी भी समय अपने मोबाइल से WhatsApp के जरिए आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। इससे योजना से जुड़ी सेवाओं तक पहुंच पहले की तुलना में अधिक आसान और तेज हो जाएगी।

डिजिटल हेल्थ सेवाओं को मिलेगा बढ़ावा

विशेषज्ञों का मानना है कि WhatsApp जैसे लोकप्रिय प्लेटफॉर्म पर चैटबॉट शुरू होने से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के लोगों को फायदा मिलेगा। चूंकि देश में करोड़ों लोग पहले से WhatsApp का उपयोग करते हैं, इसलिए आयुष्मान भारत योजना की सेवाएं भी अब अधिक लोगों तक आसानी से पहुंच सकेंगी।

लाभार्थियों के लिए क्यों है खास?

अब योजना की जानकारी लेने, अस्पताल खोजने, कार्ड से संबंधित सेवाओं का लाभ उठाने या शिकायत दर्ज कराने के लिए अलग-अलग पोर्टल या हेल्पलाइन पर निर्भर रहने की आवश्यकता नहीं होगी। एक ही WhatsApp चैटबॉट के माध्यम से अधिकांश जरूरी सेवाएं उपलब्ध होने से लाभार्थियों का समय बचेगा और प्रक्रिया भी अधिक सरल होगी।

Pradeep Pandey
प्रदीप पाण्डेय author

प्रदीप पाण्डेय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में टेक और ऑटो बीट पर कंटेंट तैयार करते हैं। डिजिटल मीडिया में 10 वर्षों के अनुभव के साथ प्रदीप तकनीक की दुनिय... और देखें

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