यूटिलिटी

अब क्रेडिट कार्ड से नहीं चुका पाएंगे बीमा पॉलिसी पर लिया लोन, समझ लीजिए क्या है नया रूल

अगर आपने इंश्योरेंस पॉलिसी पर लोन लिया है तो आप उसकी रीपेमेंट क्रेडिट कार्ड से नहीं कर सकेंगे। IRDAI ने इसे लेकर नियम बदल दिया है। IRDAI ने बीमा कंपनियों से कहा है कि वे क्रेडिट कार्ड से ऐसे लोन की रीपेमेंट न लें।

Image

इंश्योरेंस पॉलिसी पर लिए लोन की रीपेमेंट के लिए क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल नहीं होगा

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • इंश्योरेंस पॉलिसी पर लोन चुकाने का बदला नियम
  • क्रेडिट कार्ड से नहीं कर सकेंगे रीपेमेंट
  • बीमा कंपनियों को IRDAI ने दिया निर्देश

Loan Repayment Through Credit Card : अगर आपने अपनी इंश्योरेंस पॉलिसी (Insurance Policy) पर लोन लिया है तो ये खबर आपके लिए बहुत अहम है। दरअसल भारतीय बीमा विनियामक विकास प्राधिकरण (IRDAI) ने पेमेंट मोड के रूप में क्रेडिट कार्ड का उपयोग करके बीमा पॉलिसी पर लिए गए लोन (Loan Against Insurance Policy) की रीपेमेंट की सुविधा को बंद करने का फैसला किया है। यानी आप इंश्योरेंस पॉलिसी पर लिए लोन की रीपेमेंट के लिए क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे।

क्या है बीमा पॉलिसी पर लोन की फैसिलिटी

पॉलिसीधारक अपनी बीमा पॉलिसी को गिरवी रखकर लोन ले सकते हैं। आप पर्सनल लोन या क्रेडिट कार्ड लोन लेने के ऑप्शन के रूप में, अपनी जीवन बीमा पॉलिसी को गिरवी रख सकते हैं। ध्यान रहे कि लोन राशि आपकी पॉलिसी के सरेंडर वैल्यू (Surrender Value) से तय होती है। इस लोन पर लगने वाली ब्याज दर और लोन चुकाने का ऑप्शन अलग-अलग बीमा के पास अलग हो सकता है।

कंपनियों पर क्या पड़ेगा असर

आईआरडीएआई ने हाल ही में एक सर्कुलर जारी किया था, जिसमें क्रेडिट कार्ड का उपयोग करके बीमा पॉलिसी पर लिए गए लोन की रीपेमेंट करने पर रोक लगा दी गई। इसके साथ ही सभी जीवन बीमाकर्ताओं (Life Insurance Companies) को निर्देश दिया गया कि वे फौरन बीमा पॉलिसियों पर दिए गए लोन की रीपेमेंट के लिए क्रेडिट कार्ड को स्वीकार करना रोक दें। अब बीमा कंपनियां क्रेडिट कार्ड को लोन रीपेमेंट ऑप्शन के तौर पर स्वीकार नहीं कर सकेंगी।

लोन लेने वालों पर असर

अगर आपने बीमा पॉलिसी पर लोन लिया है तो आपको रीपेमेंट के लिए क्रेडिट कार्ड के बजाय किसी और पेमेंट मेथड का इस्तेमाल करना होगा। लोन लेने से पहले ये सुनिश्चित कर लें कि आप बिना क्रेडिट कार्ड के भी लोन चुका सकते हैं। वरना बाद में आपके सामने फाइनेंशियल दिक्कत आ सकती है।

लोन राशि और चार्जेस

ज्यादातर मामलों में, आपको पॉलिसी के सरेंडर वैल्यू के 80% तक का लोन मिल जाएगा। एसबीआई की वेबसाइट के मुताबिक ये 85 फीसदी तक लोन दे सकता है। एसबीआई बतौर प्रोसेसिंग फीस लोन राशि का 0.35 फीसदी चार्ज करता है। इसमें न्यूनतम 500 रुपये और अधिकतम 2,500 रुपये का चार्ज होता है। ये चार्ज जीएसटी के साथ लिया जाता है।

जानिए क्या है एलिजिबिलिटी

लोन 18 साल या इससे ज्यादा आयु वालों को मिल सकता है। आपकी पॉलिसी विवाहित महिला संपत्ति अधिनियम, 1874 के तहत जारी नहीं होनी चाहिए। लोन लेने के लिए पॉलिसी आपके नाम पर होना जरूरी है। पॉलिसी चालू हो और उसका प्रीमियम ठीक समय पर किया गया हो।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

और पढ़ें
End of Article