टेक एंड गैजेट्स

करोड़ों मोबाइल यूजर्स के लिए गृह मंत्रालय की बड़ी चेतावनी, बैंक अकाउंट्स पर है नजर

Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) के तहत नेशनल साइबरक्राइम थ्रेट एनालिटिक्स यूनिट (NCTAU) ने पाया है कि ये मैलवेयर बैंकिंग और सरकारी सेवाओं के नाम पर फर्जी ऐप बनाकर लोगों को धोखा दे रहा है।

Image

करोड़ों मोबाइल यूजर्स के लिए गृह मंत्रालय की बड़ी चेतावनी, बैंक अकाउंट्स पर है नजर

गृह मंत्रालय ने बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए एंड्रॉयड यूजर्स के लिए एक अहम चेतावनी जारी की है। इस एडवाइजरी में बताया गया है कि “Android God Mode” नाम का एक खतरनाक मैलवेयर तेजी से फैल रहा है, जो यूजर्स की निजी और वित्तीय जानकारी के लिए बड़ा खतरा बन सकता है।

फर्जी ऐप बनकर लोगों को बना रहा निशाना

Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) के तहत नेशनल साइबरक्राइम थ्रेट एनालिटिक्स यूनिट (NCTAU) ने पाया है कि ये मैलवेयर बैंकिंग और सरकारी सेवाओं के नाम पर फर्जी ऐप बनाकर लोगों को धोखा दे रहा है। ये ऐप SBI YONO, RTO चालान, डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट और कस्टमर सपोर्ट ऐप जैसी सेवाओं का रूप लेकर यूजर्स को इन्हें इंस्टॉल करने के लिए फंसाते हैं।

Accessibility Permission का गलत इस्तेमाल

इस एडवाइजरी में बताया गया है कि ये खतरनाक ऐप “Accessibility Permission” का दुरुपयोग करते हैं। इसके जरिए ये यूजर के फोन पर लगभग पूरा नियंत्रण हासिल कर लेते हैं और बिना जानकारी के बैंकिंग डिटेल्स, पासवर्ड और अन्य संवेदनशील जानकारी चुरा सकते हैं।

कैसे रखें खुद को सुरक्षित

गृह मंत्रालय ने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह देते हुए कुछ जरूरी निर्देश दिए हैं। यूजर्स को केवल Google Play Store या भरोसेमंद स्रोतों से ही ऐप डाउनलोड करने चाहिए। किसी भी अनजान या संदिग्ध ऐप को Accessibility Permission देने से बचना चाहिए।

लिंक और APK फाइल से रहें सावधान

एडवाइजरी में यह भी कहा गया है कि WhatsApp या अन्य प्लेटफॉर्म के जरिए मिलने वाले ऐप लिंक या APK फाइल से सावधान रहें। अगर किसी एप पर शक हो तो उसे तुरंत अनइंस्टॉल कर दें और उसकी परमिशन की जांच जरूर करें।

साइबर फ्रॉड की शिकायत कैसे करें

अगर कोई व्यक्ति साइबर फ्रॉड का शिकार होता है, तो वह 1930 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल कर सकता है या cybercrime.gov.in वेबसाइट पर शिकायत दर्ज कर सकता है। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें और केवल आधिकारिक निर्देशों का ही पालन करें।

Pradeep Pandey
प्रदीप पाण्डेयauthor

प्रदीप पाण्डेय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में टेक और ऑटो बीट पर कंटेंट तैयार करते हैं। डिजिटल मीडिया में 10 वर्षों के अनुभव के साथ प्रदीप तकनीक की दुनिया को समझने और उसे आम पाठकों तक सरल व उपयोगी रूप में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। प्रदीप अब तक 11,000 से अधिक आर्टिकल्स लिख चुके हैं। वह गैजेट रिव्यू, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, टेक टिप्स और नवीनतम टेक इनोवेशन पर लगातार काम करते हैं। एआई टूल्स पर एक्सपेरिमेंट करना, नए ऐप्स टेस्ट करना और टेक से जुड़े प्रैक्टिकल सॉल्यूशंस खोजने में उनकी खास रुचि है।

और पढ़ें
End of Article