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नए डिवाइस पर काम कर रहा है Apple, स्मार्टफोन की छुट्टी कर सकता है AI pin

AI पिन के फ्रंट में लगे कैमरे फोटो और वीडियो कैप्चर करने में मदद करेंगे। ऑडियो आउटपुट के लिए स्पीकर होगा, जबकि तीन माइक्रोफोन आसपास की आवाजें रिकॉर्ड करेंगे। कंट्रोल के लिए एक साइड बटन मिलेगा। चार्जिंग के लिए पीछे मैग्नेटिक पैड दिया जा सकता है, जो Apple Watch चार्जर की तरह काम करेगा।

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Apple is reportedly working on an AI pin

एपल एक नए AI पिन पर काम कर रहा है, जिसका आकार लगभग AirTag जितना होगा। द इंफॉर्मेशन की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि यह डिवाइस पतले गोल एल्यूमिनियम और ग्लास बॉडी में आएगा। इसमें दो कैमरे (एक स्टैंडर्ड और एक वाइड-एंगल), तीन माइक्रोफोन और एक इन-बिल्ट स्पीकर दिया जाएगा, ताकि यह आसपास के माहौल को कैप्चर कर सके और उसी आधार पर जवाब दे सके।

कैमरा, ऑडियो और कंट्रोल फीचर्स

AI पिन के फ्रंट में लगे कैमरे फोटो और वीडियो कैप्चर करने में मदद करेंगे। ऑडियो आउटपुट के लिए स्पीकर होगा, जबकि तीन माइक्रोफोन आसपास की आवाजें रिकॉर्ड करेंगे। कंट्रोल के लिए एक साइड बटन मिलेगा। चार्जिंग के लिए पीछे मैग्नेटिक पैड दिया जा सकता है, जो Apple Watch चार्जर की तरह काम करेगा।

लॉन्च टाइमलाइन और प्रोडक्शन प्लान

रिपोर्ट में कहा गया है कि एपल इस डिवाइस को 2027 तक लॉन्च कर सकता है और शुरुआत में करीब 2 करोड़ यूनिट्स बनाने की योजना है, हालांकि प्रोजेक्ट अभी शुरुआती स्टेज में है और अगर यह उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा तो एपल इसे बंद भी कर सकता है।

OpenAI से मुकाबले की तैयारी

बताया जा रहा है कि एपल इस प्रोजेक्ट को तेजी से आगे बढ़ा रहा है ताकि OpenAI के आने वाले AI हार्डवेयर डिवाइस से मुकाबला किया जा सके। OpenAI इस साल अपने AI डिवाइस की घोषणा कर सकता है।

Siri के नए अवतार से होगा तालमेल

AI पिन को एपल के आने वाले Siri ओवरहॉल के साथ काम करने के लिए डिजाइन किया जा सकता है। Siri को ChatGPT-स्टाइल AI चैटबॉट में बदला जा रहा है, जिसमें गूगल के Gemini मॉडल का भी इस्तेमाल होगा जिसकी घोषणा एपल पहले कर चुका है।

Humane AI Pin से मिली सीख

AI वियरेबल्स की दुनिया में अब तक सफलता सीमित रही है। Humane का AI Pin जिसे पूर्व एपल कर्मचारियों ने बनाया था, बुरी तरह फ्लॉप रहा। कंपनी 10,000 यूनिट्स भी नहीं बेच पाई और अंत में उसे HP को अपने एसेट्स बेचने पड़े। धीमी परफॉर्मेंस और अधूरे फीचर्स इसकी बड़ी वजह बने। एपल को प्राइवेसी और उपयोगिता से जुड़ी उन गलतियों से बचना होगा। अभी तक एपल ने इस रिपोर्ट पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है। इसलिए AI पिन को लेकर सारी जानकारी फिलहाल अफवाहों और रिपोर्ट्स पर आधारित है।

Pradeep Pandey
प्रदीप पाण्डेयauthor

प्रदीप पाण्डेय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में टेक और ऑटो बीट पर कंटेंट तैयार करते हैं। डिजिटल मीडिया में 10 वर्षों के अनुभव के साथ प्रदीप तकनीक की दुनिया को समझने और उसे आम पाठकों तक सरल व उपयोगी रूप में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। प्रदीप अब तक 11,000 से अधिक आर्टिकल्स लिख चुके हैं। वह गैजेट रिव्यू, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, टेक टिप्स और नवीनतम टेक इनोवेशन पर लगातार काम करते हैं। एआई टूल्स पर एक्सपेरिमेंट करना, नए ऐप्स टेस्ट करना और टेक से जुड़े प्रैक्टिकल सॉल्यूशंस खोजने में उनकी खास रुचि है।

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