Paris Olympics 2024: भारतीय हॉकी के फॉरवर्ड मंदीप सिंह भले ही अपने कप्तान हरमनप्रीत सिंह या पूर्व कप्तान मनप्रीत सिंह की तरह ख्याति नहीं हासिल कर पाये हों लेकिन जब वह मैदान पर होते हैं तो प्रतिद्वंद्वी डिफेंडर उन्हें हल्के में लेने की गलती नहीं कर सकते।टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली टीम का हिस्सा रहे मंदीप (29 वर्ष) पेरिस ओलंपिक में भारत के अभियान में अहम भूमिका निभायेंगे। उनकी बहन भूपिंदरजीत कौर का कहना है कि मंदीप का हॉकी के प्रति जुनून पिछले कुछ साल में बढ़ा है और अगर वह कुछ दिनों के लिए भी राष्ट्रीय शिविर से दूर रहते हैं तो बेचैन हो जाते हैं।
हॉकी के लिए खाने का भी किया त्याग
कौर ने ‘हॉकी पे चर्चा’ के एक ‘एपिसोड’ में कहा, ‘‘वह हॉकी खेलने का इतना क्रेजी था कि स्कूल से घर आता, खाना छोड़ देता और सीधे अभ्यास के लिए चला जाता। जैसे मंदीप बड़ा हुआ, उसकी खेल के प्रति प्रतिबद्धता और गहरी होती गई।अब भी जब मैं ब्रेक के दौरान उससे बात करती हूं तो वह कहता कि घर में उसे मजा आता है लेकिन 15 दिन के बाद उसे शिविर की याद आने लगती है।'
