नई दिल्ली: विनेश फोगाट पेरिस ओलंपिक में महिलाओं के 50 किग्रा भारवर्ग के फाइनल में पहुंचने के बाद निराशाजनक रूप से बगैर पदक लिए वापस स्वदेश लौट आईं। उनके समर्थकों ने नई दिल्ली एयरपोर्ट पर उनका धमाकेदार अंदाज में स्वागत किया। फाइनल मुकाबले से पहले वजन 100 ग्राम अधिक होने की वजह से विनेश को डिस्क्वालीफाई कर दिया गया था। ऐसे में उन्होंने सीएएस से खुद को साझा रूप से सिल्वर मेडल दिए जाने की मांग की थी। विनेश की इस अपील को सीएएस ने खारिज कर दिया था।
महीवार फोगाट का नाम भूलीं विनेश
शुक्रवार को सोशल मीडिया पर विनेश फोगाट ने तीन पन्नों की एक भावुक पोस्ट फैन्स के साथ साझा की थी। उस पोस्ट में उन्होंने अपने करियर, संघर्ष, पहलवानों का विरोध प्रदर्शन और पेरिस के हालिया मामले के बारे में चर्चा की। करियर में उनकी जब किसी ने कहीं भी मदद की उन सभी का विनेश ने शुक्रिया अदा किया लेकिन इस दौरान वो अपने पहले गुरु और द्रोणाचार्य पुरस्कार विजेता पहलवान और अपने ताऊ महावीर फोगाट के नाम का जिक्र करना भूल गईं। सोशल मीडिया पर इस बात को लेकर बवाल मचा हुआ है। ऐसे में महावीर फोगाट की बड़ी बेटी गीता फोगाट ने एक क्रिप्टिक ट्वीट करके विनेश का आईना दिखाया है।
गीता ने कहा, छल का फल छल
गीता ने सोशल मीडिया पर लिखा, कर्मों का फल सीधा सा है 'छल का फल छल 'आज नहीं तो कल। गीता किसके साथ हुए छल और उसके फल की बात कर रही हैं ये तो स्पष्ट नहीं है लेकिन लोग इसे विनेश फोगाट से ही जोड़कर देख रहे हैं। लोगों का कहना है कि विनेश फोगाट के साथ पेरिस ओलंपिक में जो हुआ वो उनके कर्मों का फल है।
सोशल मीडिया पर हो रही है विनेश की आलोचना
हालांकि गीता ने पवन सरोहा के ट्वीट को साझा किया जिसमें लिखा है जिसमें विनेश की पोस्ट को साझा करते हुए लिखा है, विनेश आपने बहुत ही बढ़िया लिखा है लेकिन शायद आज आप अपने ताऊ जी महावीर फोगाट को भूल गए हैं। जिन्होनें आपकी कुश्ती जीवन को शुरू किया था भगवान आपको शुद्ध बुद्धि दे। इससे साफ होती है कि गीता अपने पोस्ट के जरिए क्या और किसे बताना चाहती हैं। हालांकि विनेश की ओर से अबतक इस बारे में कोई सफाई नहीं दी गई है।
