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IND vs ZIM: विराट-रोहित तुलना पर जायसवाल ने जो कहा वो आपका दिल जीत लेगा

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  • Updated Jul 13, 2024, 11:09 PM IST

IND vs ZIM: भारत और जिम्बाब्वे के बीच चौथे टी20 मुकाबले में जायसवाल ने नाबाद 93 रन की पारी खेली। वह अपने टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच के दूसरे शतक से केवल 7 रन दूर रह गए। मैच के बाद उन्होंने विराट कोहली और रोहित शर्मा के साथ ड्रेसिंग रुम साझा करने पर प्रतिक्रिया दी।

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यशस्वी जायसवाल (BCCI)

IND vs ZIM: भारत ने चौथे टी20 मुकाबले में जिम्बाब्वे को 10 विकेट से हरा दिया। भारत के सामने जीत के लिए 153 रन का लक्ष्य था जिसे उसने बिना किसी विकेट के नुकसान के 15.2 ओवर में हासिल कर लिया। जायसवाल 93 तो गिल ने 58 रन की पारी खेली। मैच के बाद जब जायसवाल से विराट और रोहित से तुलना के बारे में सवाल किया गया तो उन्होंने अपने जवाब से सबका दिल जीत लिया। विराट कोहली और रोहित शर्मा ने भारतीय टीम के लिए ‘अविश्वसनीय प्रदर्शन’ किये हैं और यशस्वी जायसवाल नहीं चाहते कि उन्हें या उनके सलामी जोड़ीदार शुभमन गिल को अपने करियर की शुरुआत में ही उम्मीदों के बोझ का सामना करना पड़े।

रोहित और कोहली दोनों ने भारत की विश्व कप जीत के बाद टी20 अंतरराष्ट्रीय से संन्यास की घोषणा की। जायसवाल भी इस टीम का हिस्सा थे लेकिन उन्हें खेलने का मौका नहीं मिला था। जायसवाल ने कहा कि रोहित और कोहली के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करना किसी ‘आशीर्वाद’ की तरह है। जिम्बाब्वे के खिलाफ पांच मैचों की श्रृंखला के चौथे मुकाबले में शनिवार को यहां जायसवाल (नाबाद 93 रन) और कप्तान गिल (नाबाद 58 रन) ने पहले विकेट के लिए 156 रन की अटूट साझेदारी कर भारत को 10 विकेट से यादगार जीत दिलायी।

विराट-रोहित के साथ ड्रेसिंग साझा करना आशीर्वाद

जायसवाल ने मैच के बाद संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘ मुझे लगता है कि उन्होंने (रोहित और विराट) भारतीय क्रिकेट के लिए जो किया है वह अविश्वसनीय है और उस ड्रेसिंग रूम का हिस्सा होना एक आशीर्वाद है। हम (वह और गिल) इस प्रक्रिया पर ध्यान केंद्रित करते हुए इसे मैच-दर-मैच और एक समय पर एक मैच के बारे में सोचने की कोशिश कर रहे हैं।’’

टेस्ट क्रिकेट खेलने का क्या फायदा?

गिल से जब पूछा गया कि क्या टेस्ट क्रिकेट खेलने से उन्हें फायदा हुआ है तो उन्होंने कहा, ‘‘इससे भावनाओं को नियंत्रित करने और खेल को बेहतर ढंग से समझने में मदद मिलती है क्योंकि मैदान पर अलग-अलग परिस्थितियां होती हैं। और जब भी आप रोहित भाई या विराट भैया से बात करते हैं, तो मुझे बहुत अनुभव मिलता है, उनसे बात करने और उनसे सीखने का आनंद मिलता है।’

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