नई दिल्ली: भारत के पूर्व बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा का मानना है कि तीनों प्रारूपों के खिलाड़ी के तौर पर अपने करियर के शुरूआती सफर में शुभमन गिल के सामने सबसे बड़ी चुनौती खुद को ढालने की होगी लेकिन उन्होंने यकीन जताया कि गिल इतने परिपक्व हैं कि ऐसा कर सकेंगे। गिल हाल ही में ऑस्ट्रेलिया में वनडे टीम की कप्तानी कर रहे थे जिसके बाद टी20 श्रृंखला में उपकप्तान थे और अब दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दो टेस्ट की घरेलू श्रृंखला में कप्तानी करेंगे।
तीनों फॉर्मेट में खेलना है मानसिक तौर पर चुनौतीपूर्ण
जियो स्टार विशेषज्ञ पुजारा ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट से पूर्व मीडिया डे में कहा, 'शुभमन अभी युवा है और भारी शारीरिक कार्यभार भी नहीं है लेकिन मानसिक तौर पर यह चुनौतीपूर्ण होगा। उसने हाल ही में ऑस्ट्रेलिया में भारतीय वनडे टीम की कप्तानी की , जिसके बाद टी20 खेला और अब लाल गेंद का क्रिकेट भारत में खेलना है जहां हालात ऑस्ट्रेलिया से एकदम अलग हैं।'
तीनों फॉर्मेट में खुद को ढालना है सबसे बड़ी चुनौती
पुजारा ने कहा ,'उसके सामने सबसे बड़ी चुनौती अलग अलग प्रारूप में तेजी से ढलने की है। टेस्ट क्रिकेट में आपको संयम की जरूरत होती है और प्रारूप के अनुसार रणनीति भी तेजी से बदलनी पड़ती है जो किसी भी शीर्ष स्तर के खिलाड़ी के लिये चुनौतीपूर्ण है। वह अभी युवा है लेकिन तेजी से परिपक्व हो रहा है। वह अच्छी कप्तानी कर रहा है और भारतीय टेस्ट टीम के हालिया फॉर्म से उसे मदद मिलेगी। उन्होंने वेस्टइंडीज और इंग्लैंड में अच्छा प्रदर्शन किया है। बतौर कप्तान इससे शुभमन का मनोबल बढ़ेगा।'
जुरेल को प्लेइंग-11 में शामिल किए जाने का किया समर्थन
उन्होंने ध्रुव जुरेल को टीम में शामिल किये जाने का भी समर्थन किया। उन्होंने कहा,'वह शानदार फॉर्म में हैं और अंतिम एकादश में चयन का हकदार भी है । मुझे लगता है कि वह छठे नंबर पर उतरेगा । पिच को देखते हुए तीन स्पिनर और दो तेज गेंदबाज उतारे जा सकते हैं।'
(भाषा)
