Rohit Sharma Captaincy: रोहित शर्मा का करियर एक बार फिर से गति पकड़ता नजर आ रहा है। उन्होंने भारत को आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी में जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। इससे पहले हालांकि, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हार की श्रृंखला और लगातार खराब प्रदर्शन के बाद रोहित ने खुद को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांचवें टेस्ट मैच से बाहर कर लिया था। इसके बाद उनके टेस्ट करियर को लेकर चिंताएं बढ़ गई थीं, लेकिन इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार, रोहित अभी भी टेस्ट क्रिकेट खेलना चाहते हैं और बोर्ड चाहता है कि वह इंग्लैंड टेस्ट सीरीज के दौरान टीम की कप्तानी करें।
बोर्ड और रोहित दोनों की इच्छा, टेस्ट क्रिकेट जारी रखने की
रिपोर्ट के अनुसार, "रोहित ने दिखा दिया है कि वह क्या कर सकते हैं। हर हितधारक को लगता है कि वह इंग्लैंड दौरे के लिए भारतीय टीम का नेतृत्व करने के लिए सही उम्मीदवार हैं। रोहित ने भी लाल गेंद क्रिकेट खेलने की इच्छा जताई है।"न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ लगातार हार और बल्ले से खराब प्रदर्शन के बाद यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि चैंपियंस ट्रॉफी रोहित शर्मा के लिए 'मेक ऑर ब्रेक' साबित हो सकती है। हालांकि, भारतीय कप्तान पर किसी तरह का दबाव नहीं दिखा और उन्होंने शानदार वापसी की।
चैंपियंस ट्रॉफी में शानदार वापसी
रोहित ने हर मैच में टीम को तेज शुरुआत दी और भारत को मैच में शुरुआती बढ़त दिलाई। फाइनल में उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ शानदार 76 रन बनाए, जो भारत के लिए सबसे ज्यादा स्कोर था, और टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। इस जीत के बाद उन्होंने जल्द ही संन्यास लेने की अफवाहों को खारिज कर दिया।
रोहित ने इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) को दिए एक इंटरव्यू में कहा, "अभी मैं अच्छा खेल रहा हूं और इस टीम के साथ जो कुछ भी कर रहा हूं, उसका आनंद ले रहा हूं। टीम भी मेरे साथ अच्छा महसूस कर रही है, जो अच्छी बात है। मैं 2027 के बारे में कुछ नहीं कह सकता क्योंकि यह बहुत दूर है, लेकिन मैं अपने सभी विकल्प खुले रख रहा हूं।"
फॉर्म को लेकर रोहित का आत्मविश्वास
सिडनी टेस्ट से खुद को बाहर करने के बाद रोहित ने अपने फॉर्म को लेकर चिंताओं को खारिज करते हुए कहा था कि उनका खराब फॉर्म हमेशा नहीं रहेगा। उन्होंने स्टार स्पोर्ट्स को बताया, "इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि पांच या दो महीने बाद रन नहीं आएंगे। मैंने बहुत क्रिकेट देखा है। जीवन हर सेकंड, हर मिनट, हर दिन बदलता है। मुझे खुद पर विश्वास है कि चीजें बदल सकती हैं, लेकिन साथ ही मुझे वास्तविक भी रहना होगा।"
इंग्लैंड दौरे पर टिकी हैं सभी की निगाहें
रोहित शर्मा की यह वापसी न केवल उनके करियर के लिए, बल्कि भारतीय टीम के लिए भी एक सकारात्मक संकेत है। उनकी कप्तानी और बल्लेबाजी दोनों ही टीम को आगे बढ़ाने में मददगार साबित हो रही हैं। अब सभी की निगाहें इंग्लैंड दौरे पर टिकी हैं, जहां रोहित के नेतृत्व में भारतीय टीम नई ऊंचाइयों को छूने की कोशिश करेगी।
