क्रिकेट

EXCLUSIVE: एशियाई खेलों में स्वर्णिम जीत के बाद उपकप्तान तिलक वर्मा ने भरी लॉस एजिंल्स ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतने की हुंकार

पाकिस्तान को पटखनी देकर एशियाई खेलों में टीम की स्वर्णिम जीत के बाद तिलक वर्मा ने टाइम्स नाउ संवाददाता करिश्मा सिंह के साथ एक्सक्लूजिव बात की। पेश हैं इंटरव्यू के मुख्य अंश।

Image

तिलक वर्मा और श्रेयस अय्यर (फोटो क्रेडिट BCCI X)

निशिन: भारत ने चिरप्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को आइची-नागोया एशियाई खेलों में पुरुषों की क्रिकेट स्पर्धा के फाइनल में 19 रन के अंतर से मात देकर गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। भारतीय टीम लगातार दूसरी बार गोल्ड मेडल जीतने में सफल रही है। फाइनल मुकाबले में पाकिस्तान के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम ने अभिषेक शर्मा की 61(28), तिलक वर्मा की नाबाद 51(22) और शिवम दुबे की 27(15) रन की पारियों की बदौलत 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 211 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया था। इसके जवाब में पाकिस्तानी 6 विकेट खोकर 192 रन बना सकी और 19 रन से मुकाबला गंवा दिया। टीम के उपकप्तान तिलक वर्मा ने अपने आतिशी अर्धशतक की बदौलत टीम की जीत में अहम भूमिका अदा की। एशियाई खेलों में टीम की स्वर्णिम जीत के बाद तिलक वर्मा ने टाइम्स नाउ संवाददाता करिश्मा सिंह के साथ एक्सक्लूजिव बात की। पेश हैं इंटरव्यू के मुख्य अंश।

व्यक्त नहीं कर सकता गोल्ड जीतने का अहसास

एशियाई खेलों में पाकिस्तान को पठखनी देकर गोल्ड मेडल जीतने के अनुभव के बारे में तिलक वर्मा ने कहा, यह अहसास बेहद अलग है। आम तौर पर हम जो टूर्नामेंट खेलते हैं, जैसे विश्व कप, एशिया कप या कोई अन्य सीरीज, यह उनमें जीत के मुकाबले यह पूरी तरह से एक अलग फीलिंग है। हम बचपन से टीवी पर देखते आए हैं कि एशियाई खेलों में खास बात यह है कि जब आप जीतते हैं तब राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाता है। मंच पर कांस्य, रजत और स्वर्ण पदक विजेताओं को पोडियम पर बुलाया जाता है,जो बेहद अलग अनुभव होता है। एशियाई खेलों में खेलना और खासकर पाकिस्तान के खिलाफ फाइनल में जीत दर्ज कर स्वर्ण पदक हासिल करना एक बहुत ही अनोखा अनुभव है। इसे शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता; जब तक आप इसे खुद महसूस नहीं करेंगे, तब तक समझ नहीं पाएंगे।

लॉस एंजिल्स में गोल्ड मेडल जीतने उतरेंगे

साल 2028 में लॉस एंजिल्स ओलंपिक में क्रिकेट को शामिल किया गया है। उसके बारे में चर्चा करते हुए टीम इंडिया की टी20 टीम के उपकप्तान ने कहा, हमें बहुत खुशी हैं कि क्रिकेट को ओलंपिक खेलों में शामिल कर लिया गया है। हालांकि अभी तक यह नहीं पता कि वहां खेलने का अहसास और अनुभव कैसा रहेगा? मैं यह नहीं कहूंगा कि यह विश्व कप जैसा ही होगा; ओलंपिक का अहसास उससे भी बढ़कर हो सकता है। वहां खेलने के बाद ही हकीकत में पता चलेगा, लेकिन हम बहुत आभारी हैं कि 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक में क्रिकेट शामिल हुआ है। हमारा मुख्य लक्ष्य वहां भी स्वर्ण पदक जीतना ही रहेगा।

कौन है पसंदीदा ओलंपिक हीरो?

आपके पसंदीदा ओलंपिक हीरो कौन हैं? इसके जवाब में उन्होंने दो बार ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा का नाम लिया। नीरज चोपड़ा ने साल 2020 में टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड मेडल अपने नाम किया था। इसके बाद पेरिस ओलंपिक में सिल्वर मेडल जीतने में सफल रहे थे। एशियाई खेल 2026 से उन्होंने चोट की वजह से नाम वापस ले लिया था। ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में उन्होंने गोल्ड मेडल अपने नाम किया था।

Karishma Singh
करिश्मा सिंहauthor

करिश्मा सिंह TIMES NOW में न्यूज एडिटर हैं। 14 वर्षों से अधिक के अपने करियर में उन्होंने 5 क्रिकेट विश्व कप कवर किए हैं, जिनमें 2024 और 2026 में भारत द्वारा जीते गए दो विश्व कप भी शामिल हैं। उन्होंने 2 ओलंपिक खेलों को भी कवर किया है और सभी प्रमुख खेल विधाओं की रिपोर्टिंग में विशेषज्ञता रखती हैं।

और पढ़ें
End of Article