टी20 वर्ल्ड कप से पहले पाकिस्तान के लिए बुरी खबर, पूर्व सलामी बल्लेबाज का निधन
- Authored by: उमेश कुमार
- Updated Jan 12, 2026, 09:47 PM IST
टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले पाकिस्तान क्रिकेट जगत के लिए बुरी खबर आई। पाकिस्तान के पूर्व ओपनर बल्लेबाज मोहम्मद इलियास का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। वह 79 वर्ष के थे। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने उनके निधन पर शोक प्रकट किया है। इलियास ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबर्न में अपना टेस्ट डेब्यू किया था। वह पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चीफ सेलेक्टर भी रहे थे।
फोटो- PCB
स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। पड़ोसी देश पाकिस्तान से एक बड़ी खबर आई है। इसके चलते क्रिकेट जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। पाकिस्तान के पूर्व सलामी बल्लेबाज मोहम्मद इलियास का निधन हो गया है। मोहम्मद इलियास ने 79 की उम्र में आखिरी सांस ली। वह लंबे समय से बीमार चल रहे थे। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने उनके निधन पर शोक प्रकट किया है। एक बयान में कहा कि चेयरमैन मोहसिन नकवी ने शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं और सहानुभूति व्यक्त की है।
मोहम्मद इलियास ने 1960 के दशक में पाकिस्तान की ओर 10 टेस्ट मैच खेले। दिसंबर 1964 में मेलबर्न में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपना टेस्ट डेब्यू किया था। मार्च 1969 में ढाका में अपना आखिरी टेस्ट मैच इंग्लैंड के खिलाफ खेला। 5 साल के टेस्ट करियर के दौरान उन्होंने 23.21 के औसत से 441 रन बनाए, जिसमें एक शतक और 2 अर्धशतक शामिल रहा। उनका एकमात्र टेस्ट शतक न्यूजीलैंड के खिलाफ आया।
उम्दा रहा फर्स्ट-क्लास क्रिकेट करियर
इलियास का फर्स्ट-क्लास क्रिकेट करियर शानदार रहा। उन्होंने 1961 से 1972 तक 82 मैच में 35.71 की औसत से 4607 रन बनाए। क्रिकेट इलियास का पहला प्यार नहीं था। जवानी के दिनों में उनका पहला प्यार बॉक्सिंग था और उन्होंने स्कूल लेवल पर फ्लाईवेट बॉक्सर तौर पर कुछ सफलता भी हासिल की थी। इसी दौरान वह लाहौर में अपने घर के पास पिक-अप गेम्स में फास्ट बॉलर के तौर पर क्रिकेट खेलने लगे।
बॉलिंग में भी आजमाया था हाथ
मुस्लिम मॉडल स्कूल के एक टीचर की नजर उन पर पड़ी। उन्हें स्कूल के नेट्स पर आने के लिए कहा। यहां उन्होंने अपने खेल से सभी को प्रभावित किया। इसके बाद उन्हें तुरंत लाहौर स्कूल की टीम के लिए चुन लिया गया। फैसलबाद में अपने पहले ही मैच में उन्होंने अच्छी बॉलिंग की और फिर नाइटवॉचमैन के तौर पर आकर फिफ्टी बनाई। बाद में उन्होंने लेग स्पिन में हाथ आजमाया। हालांकि, किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। इसके बाद वह टॉप-ऑर्डर बैट्समैन बन गए।