टेस्ट क्रिकेट को असली क्रिकेट कहा जाता है, लेकिन बीते कुछ सालों में कम होते टेस्ट मैच में इसके भविष्य पर सवाल खड़ा कर दिया है। आने वाले दिनों में टेस्ट क्रिकेट को कैसे फिर लोकप्रिय बनाया जाए और कैसे क्रिकेट के इस फॉर्मेट की प्रमाणिकता को बरकरार रखा जाए इसको लेकर लेकर पूर्व खिलाड़ी अपनी-अपनी प्रतिक्रिया देते रहते हैं। ऐसे में वेस्टइंडीज को वर्ल्ड चैंपियन बनाने वाले दिग्गज कप्तान क्लाइव लॉयड ने भी टेस्ट क्रिकेट को लेकर बड़ी बात कही है।
महान क्रिकेटर लॉयड चाहते हैं कि अंतरराष्ट्रीय कैलेंडर में अधिक से अधिक टेस्ट क्रिकेट खेला जाना चाहिए और उन्होंने कहा कि द्विपक्षीय श्रृंखला में कम से कम तीन टेस्ट मैच होने चाहिए। वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान ने यहां ‘एकम पुरस्कार’ के दौरान कहा, ‘‘इस समय शायद ज्यादा टी20 खेले जा रहे हैं। मैं थोड़ा और टेस्ट क्रिकेट देखना चाहूंगा। और अगर आप टेस्ट क्रिकेट खेल रहे हैं तो मैं तीन या पांच टेस्ट मैच की श्रृंखला देखना पसंद करूंगा। ’’
लॉयड का यह बयान इसलिए भी खास है क्योंकि हाल ही में टीम इंडिया का साउथ अफ्रीका दौरा इस बात के लिए चर्चा में रहा था कि आखिर क्यों इस दौरे पर केवल दो ही टेस्ट खेला गया। इसको लेकर इंग्लैंड के पूर्व कप्तान केविन पीटरसन ने भी सवाल उठाया था और कहा था कि कम से कम 3 टेस्ट मैच होने चाहिए। अब लॉयड ने भी वही बात दोहराई है।
उन्होंने कहा, ‘‘मुझे नहीं लगता कि वेस्टइंडीज को दो टेस्ट मैच के लिए 12,000 मील दूर आस्ट्रेलिया की यात्रा करनी चाहिए। और इसका कोई मतलब नहीं है। जैसा कि भारत और दक्षिण अफ्रीका श्रृंखला में हुआ (जिसमें दो टेस्ट मैच की श्रृंखला खेली गयी और यह 1-1 से बराबर रही)। अगर तीसरा टेस्ट होता तो पता चलता कि दोनों में से बेहतर टीम कौन सी है। ’’
(भाषा इनपुट के साथ )
