अध्यात्म

Vat Savitri Vrat 2023 Upay: पति की लंबी उम्र और जीवन में खुशहाली के लिए वट सावित्री पर जरूर करें ये उपाय

  • Authored by: लवीना शर्मा
  • Updated May 19, 2023, 02:07 PM IST

Vat Savitri 2023 Upay: ज्योतिष शास्त्र में वट सावित्री व्रत से जुड़ी कुछ विशेष उपाय बताए गए हैं जिन्हें अपनाकर आप अपने वैवाहिक जीवन में खुशियां ला सकती हैं। जानिए क्या हैं ये उपाय।

Image

Vat Savitri Vrat Upay: वट सावित्री व्रत के उपाय

Vat Savitri 2023 Upay: वट सावित्री व्रत सुहागिन महिलाओं के लिए बेहद खास होता है क्योंकि इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए निर्जला व्रत रखती हैं। ये व्रत हर साल ज्येष्ठ अमावस्या यानि बड़ अमावस्या (Bad Amavasya 2023) के दिन रखा जाता है। वट सावित्री व्रत में सावित्र माता और उनके पति सत्यवान की पूजा की जाती है। इस दिन बरगद की पूजा का विशेष महत्व होता है। महिलाएं वट सावित्री पूजा बरगद के पेड़ के नीचे करती हैं। जानिए वट सावित्री व्रत के उपाय।

Vat Savitri Vrat Upay In Hindi

  • वट सावित्री व्रत वाले दिन किसी सुनसान जगह पर गड्ढा खोदकर उसमें सुरमा डाल दें। कहते हैं ऐसा करने से आपके आर्थिक परेशानियां दूर हो जाती हैं।
  • सुख समृद्धि के लिए वट सावित्री व्रत के अगले दिन पीपल के पेड़ पर मीठा दूध चढ़ाएं साथ ही पीपल की 7 बार परिक्रमा करते हुए शनि मंत्र का जप करें।
  • वट सावित्री व्रत वाले दिन बरगद के पेड़ के नीचे घी का दीपक जरूर लाएं और भगवान विष्णु का ध्यान करें। ऐसा करने से पारिवारिक जीवन खुशहाल रहेगा।
  • अगर कोई लंबे समय से बीमार चल रहा है तो वह वट सावित्री के दिन सोते समय बरगद की जड़ उस मरीज के पास रख दें। मान्यता है ऐसा करने से स्वास्थ्य में सुधार आने लगेगा।
  • वट सावित्री व्रत के दिन काले कुत्ते को तेल लगाकर रोटी अवश्य खिलाएं। ऐसा करने से शनि देव प्रसन्न होते हैं जिससे जीवन की परेशानियों का अंत हो जाता है।
  • इस दिन काले कपड़े, नीलम रत्न, तेल और सरसों का दान करना शुभ होता है। ऐसा करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है।
  • इस दिन घोड़े की नाल या नाव की कील का छल्ला बनाकर धारण करने से हर काम में सफलता मिलती है।

Vat Savitri Vrat Muhurat 2023 (वट सावित्री व्रत मुहूर्त)

वट सावित्री व्रत ज्येष्ठ अमावस्या के दिन रखा जाता है। इस साल ज्येष्ठ अमावस्या की शुरुआत 18 मई की रात 9 बजकर 42 मिनट से हो गई है और इसकी समाप्ति 19 मई की रात 9 बजकर 22 मिनट पर होगी। वट सावित्री पूजा दिन में की जाती है।
लवीना शर्मा
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

और पढ़ें
End of Article