Sunset Today (30 March 2026) Aaj Suryast kitne Baje Hoga (सूर्यास्त का टाइम आज का), प्रदोष काल कितने बजे शुरू होगा पूजा मुहूर्त: दिनभर की भागदौड़ के बाद शाम का समय मन को सुकून देने वाला होता है। हिंदू धर्म में सूर्यास्त के बाद का समय यानी प्रदोष काल भगवान शिव की पूजा के लिए बहुत शुभ माना जाता है। आज 30 मार्च 2026 को प्रदोष व्रत रखा जा रहा है, इसलिए कई लोग जानना चाहते हैं कि आज सूर्यास्त कितने बजे होगा और प्रदोष काल कब से शुरू होगा, ताकि सही समय पर पूजा की जा सके। मान्यता है कि इस समय सच्चे मन से की गई पूजा से भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है और जीवन की परेशानियां कम हो सकती हैं।
आज 30 मार्च 2026 सूर्यास्त कब होगा
खगोलीय गणनाओं के अनुसार आज दिल्ली-एनसीआर में सूर्यास्त लगभग शाम 6 बजकर 38 मिनट पर होगा। सूर्यास्त का समय जगह के अनुसार थोड़ा बदल सकता है, क्योंकि हर शहर की भौगोलिक स्थिति अलग होती है। संध्या का यह समय दिन और रात के बीच का शांत पल माना जाता है, जब कुछ मिनट रुककर भगवान का ध्यान करने से मन हल्का और शांत महसूस करता है।
आज प्रदोष काल कितने बजे शुरू होगा
प्रदोष काल सूर्यास्त के तुरंत बाद शुरू माना जाता है और लगभग 2 घंटे तक रहता है। आज सूर्यास्त 6:38 बजे के आसपास है, इसलिए प्रदोष काल लगभग शाम 6:40 बजे से 8:40 बजे तक रहेगा। इस दौरान भगवान शिव की पूजा, दीपक जलाना और मंत्र जाप करना शुभ माना जाता है। कई लोग इस समय 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का जाप करते हैं और अपने परिवार की खुशहाली की प्रार्थना करते हैं।
आज प्रदोष व्रत का शाम का पूजा मुहूर्त
अगर आप आज प्रदोष व्रत रख रहे हैं, तो शाम का समय सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। शाम लगभग 6:45 बजे से 8:30 बजे के बीच पूजा करना अच्छा माना जाता है। इस दौरान शिवलिंग पर जल या दूध चढ़ाया जाता है, दीपक जलाया जाता है और भगवान शिव से सुख-शांति की कामना की जाती है। कई लोग इस समय थोड़ी देर शांत बैठकर ध्यान भी करते हैं, जिससे मन को सकारात्मक ऊर्जा मिलती है।
आज 30 मार्च 2026 सूर्यास्त का समय देश के प्रमुख शहरों में
| शहर | सूर्यास्त समय (अनुमानित) |
| दिल्ली (NCR) | शाम 6:38 बजे |
| मुंबई | शाम 6:51 बजे |
| कोलकाता | शाम 5:50 बजे |
| चेन्नई | शाम 6:19 बजे |
| बेंगलुरु | शाम 6:27 बजे |
| हैदराबाद | शाम 6:33 बजे |
| अहमदाबाद | शाम 6:47 बजे |
| जयपुर | शाम 6:42 बजे |
| लखनऊ | शाम 6:25 बजे |
| पटना | शाम 6:06 बजे |
| भोपाल | शाम 6:37 बजे |
| चंडीगढ़ | शाम 6:40 बजे |
| पुणे | शाम 6:45 बजे |
| सूरत | शाम 6:48 बजे |
| वाराणसी | शाम 6:19 बजे |
प्रदोष काल का महत्व
धार्मिक मान्यता के अनुसार प्रदोष काल भगवान शिव का प्रिय समय माना जाता है। इस समय पूजा करने से मन शांत होता है और दिनभर का तनाव भी कम महसूस होता है। शाम के समय कुछ मिनट भगवान का नाम लेने से सकारात्मक सोच बनी रहती है और मन में सुकून का एहसास होता है।
अगर आप आज प्रदोष व्रत कर रहे हैं, तो सूर्यास्त के बाद भगवान शिव की पूजा जरूर करें। यह छोटी-सी आदत आपकी दिनचर्या में शांति और सकारात्मक ऊर्जा बनाए रखने में मदद कर सकती है।
