अध्यात्म

इस राशि पर शुरू होने जा रही है शनि साढ़े साती, तुरंत कर लें ये उपाय, नहीं तो बुरी तरह फंस जाएंगे

Shani Sade Sati: शनि देव कुछ महीनों बाद मीन राशि में प्रवेश करने जा रहे हैं। जानिए इस दौरान किस राशि पर शनि साढ़े साती शुरू हो जाएगी।

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इस राशि पर शुरू होने जा रही है शनि साढ़े साती

Shani Sade Sati: शनि की साढ़ेसाती पूरे साढ़े सात साल की होती है और इसमें तीन चरण होते हैं। हर चरण की अवधि ढाई साल की होती है। जब भी शनि राशि बदलते हैं तो किसी राशि पर शनि साढ़े साती का पहला चरण शुरू होता है तो किसी पर दूसरा और ऐसे ही किसी राशि पर तीसरा चरण। कुछ महीनों में शनि कुंभ राशि से मीन राशि में प्रवेश करने वाले हैं। शनि के मीन राशि में प्रवेश करते ही जहां एक राशि पर शनि साढ़ेसाती का प्रारंभ हो जाएगा तो वहीं एक राशि के इस दशा से मुक्ति मिल जाएगी। चलिए जानते हैं शनि साढ़ेसाती किस पर शुरू होने जा रही है।

शनि राशि परिवर्तन 2024

शनि का राशि परिवर्तन 29 मार्च 2025 को होने जा रहा है। इस दौरान शनि देव अपनी प्रिय राशि कुंभ को छोड़कर गुरु की राशि मीन में प्रवेश कर जायेंगे। फिर 3 जून 2027 तक शनि इसी राशि में मौजूद रहेंगे।

शनि साढ़े साती किस राशि पर शुरू होने जा रही है

शनि के राशि बदलते ही मेष राशि वालों पर शनि साढ़े साती शुरू हो जाएगी। ये इस राशि पर साढ़ेसाती का पहला चरण होगा तो वहीं मीन राशि वालों पर इसका दूसरा चरण और कुंभ वालों पर इसका आखिरी चरण शुरू हो जाएगा।

शनि साढ़े साती से किसे मिलेगी मुक्ति

शनि के राशि बदलते ही मकर राशि वालों को शनि साढ़े साती से पूर्ण रूप से मुक्ति मिल जाएगी।

साढ़ेसाती से राहत पाने के उपाय

शनि साढ़ेसाती के दुषप्रभावों से बचने के लिए शनिवार के दिन शनि मंदिर जाकर छाया दान करें। इसके अलावा शनिवार का व्रत भी कर सकते हैं। शनिवार के दिन काली उड़द की दाल और काले रंग के कपड़ों का दान करने से भी शनि देव की विशेष कृपा हासिल होती है। इसके अलावा शनिवार में सुंदरकांड या बजरंग बाण का पाठ करने से भी आपको लाभ मिलेगा।

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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