Periods Me Chhath Puja Kaise Hoga (पीरियड में छठ पूजा कैसे होगा): छठ पूजा का आज तीसरा दिन है। व्रती महिलाएं आज संध्या अर्घ्य की विधि करेंगी, लेकिन परेशानी उनके लिए है जिन्हें छठ पूजा की शुरुआत में ही पीरियड आ गए हैं या अब पीरियड आने वाले हैं। ऐसे में जानें कि क्या पीरियड में छठ पूजा कर सकते हैं? पीरियड्स में छठ पूजा करनी चाहिए या नहीं? छठ पूजा के दौरान पीरियड आ जाए तो क्या करें?
क्या पीरियड में छठ पूजा कर सकते हैं?
पौराणिक कथाओं की माने तो पीरियड में भी छठ के व्रत को रखा जा सकता है। लेकिन इसके कुछ नियम है जिसे फॉलो करना चाहिए।
छठ पूजा के दौरान पीरियड आ जाए तो क्या करें?
अगर व्रत के दौरान आपको पीरियड्स आ गए हैं तो आप व्रत तो रख सकती हैं। लेकिन पूजा सामग्री, अर्ध्य, प्रसाद को स्पर्श करने की मनाही होती है। क्योंकि ये व्रत पीढ़ी दर पीढ़ी चलता आता है ऐसे में इसे बीच में नहीं तोड़ा जा सकता है।
पीरियड में छठ पूजा कैसे करें?
- पीरियड के दौरान छठ व्रत करना है तो सबसे पहले तो आपको हर दिन बाल धोकर स्नान करना होगा।
- आप प्रसाद बना नहीं सकती हैं और उसे छू भी नहीं सकती हैं। लेकिन आप व्रत रख सकती हैं।
- अगर आप पूजा का कोई भी समान छू लेंगी तो वो अशुद्ध माना जाता है।
- आपको घाट पर पानी में नहीं उतरना है।
- जब अर्घ्य का समय आता है तो पीरियड वाली महिलाएं हाथ जोड़कर छठ घाट पर खड़ी होकर या फिर घर से ही प्रार्थना कर सकती हैं।
- पीरियड में आप पूजा नहीं कर सकती हैं लेकिन अपनी जगह किसी दूसरी महिला से डूबते और उगते सूर्य को अर्ध्य दिलवा सकती हैं।
इन सभी नियमों के बावजूद ध्यान दें, अगर पीरियड के दौरान आप शारीरिक रूप से सक्षम हों तब ही व्रत रखें। अगर किसी भी तरह की परेशानी हो तो शारीरिक रूप से व्रत या पूजा न करें, लेकिन मन और हृदय से भक्ति करें।
