February 2026 Shubh Muhurat List: शुक्रदेव के उदय होते ही हिंदू धर्म में मांगलिक कार्यों की शुरुआत हो जाती है। 1 फरवरी को शुक्र मकर राशि में उदय होंगे और फरवरी के महीने में ही 6 फरवरी को 1:15 AM पर कुंभ राशि में गोचर करेंगे। शुक्र उदय से सभी शुभ कार्य शुरू होंगे विशेष रूप से विवाह कार्य। तो फरवरी के महीने में शादी-विवाह कौन-कौन सी तारीख पर हो सकती है, ये आप यहां से जानें। इतना ही नहीं, यहां फरवरी महीने के गृह प्रवेश के शुभ मुहूर्त और मुंडन संस्कार के शुभ दिन के बारे में भी विस्तार में बताया गया है।
फरवरी 2026 शादी-विवाह मुहूर्त-
- 05 फरवरी 2026, गुरुवार
- 06 फरवरी 2026, शुक्रवार
- 08 फरवरी 2026, रविवार
- 10 फरवरी 2026, मंगलवार
- 12 फरवरी 2026, गुरुवार
- 14 फरवरी 2026, शनिवार
- 19 फरवरी 2026, गुरुवार
- 20 फरवरी 2026, शुक्रवार
- 21 फरवरी 2026, शनिवार
- 24 फरवरी 2026, मंगलवार
- 25 फरवरी 2026, बुधवार
- 26 फरवरी 2026, गुरुवार
फरवरी 2026 गृह प्रवेश मुहूर्त-
- 06 फरवरी 2026, शुक्रवार
- 11 फरवरी 2026, बुधवार
- 19 फरवरी 2026, गुरुवार
- 20 फरवरी 2026, शुक्रवार
- 21 फरवरी 2026, शनिवार
- 25 फरवरी 2026, बुधवार
- 26 फरवरी 2026, गुरुवार
फरवरी 2026 मुंडन मुहूर्त-
- 06 फरवरी 2026, शुक्रवार
- 07 फरवरी 2026, शनिवार
- 11 फरवरी 2026, बुधवार
- 12 फरवरी 2026, गुरुवार
- 21 फरवरी 2026, शनिवार
- 22 फरवरी 2026, रविवार
फरवरी महीने के व्रत- त्योहार 2026-
महीने की शुरुआत यानी 1 फरवरी दिन रविवार को माघ पूर्णिमा पड़ रही है। यह फरवरी माह की शुरुआत में पड़ रही है। इस दिन स्नान-दान और तिल-गुड़ का दान बहुत पुण्यदायी माना जाता है। होलिका दहन की तैयारी भी इसी दिन से शुरू हो सकती है। फिर 5 फरवरी को बृहस्पतिवार को द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जाएगा। इस संकष्टी चतुर्थी का व्रत संतान सुख और संकट नाश के लिए रखा जाता है। इसके बाद 8 फरवरी को भानु सप्तमी पड़ रही है। यह सूर्य देव की पूजा का विशेष दिन है। फिर 13 फरवरी को दो त्योहार हैं- कुम्भ संक्रान्ति और विजया एकादशी। ये फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि भी होगी। इसको विजया एकादशी के नाम से जानते हैं। फिर 14 फरवरी दिन शनिवार को शनि प्रदोष व्रत पड़ेगा और अगले ही दिन 15 फरवरी, रविवार को महाशिवरात्रि व्रत रखा जाएगा। फिर 17 फरवरी, मंगलवार के दिन सूर्य ग्रहण और दर्श अमावस्या का पर्व है। 19 फरवरी, बृहस्पतिवार को फुलैरा दूज का पर्व है। और आखिर में 27 फरवरी, शुक्रवार के दिन आमलकी एकादशी का व्रत रखा जाएगा।
