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आज के नवरात्र की आरती, आठवें नवरात्र की आरती, अष्टमी पर कौन सी मां की आरती करें - देखें अष्टमी की आरती के लिरिक्स लिखित में

Maha Ashtami Aarti Lyrics (महा अष्टमी की आरती): चैत्र नवरात्रि के आठवें दिन मां महागौरी की पूजन का विधान है। पूजन के उपरांत माता की आरती का पाठ करना चाहिए। यदि आप अष्टमी की आरती पढ़ना चाहते हैं, तो यहां ये नोट करे, पढ़ें अष्टमी की आरती के लिरिक्स।

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अष्टमी पर कौन सी माता की आरती करें

Maha Ashtami Aarti Lyrics (महा अष्टमी की आरती): चैत्र नवरात्रि के आठवें दिन को महाअष्टमी कहा जाता है। देवी दुर्गा के आठवें स्वरूप मां महागौरी को समर्पित होता है। यह दिन भक्ति, श्रद्धा और शक्ति की साधना का विशेष अवसर माना जाता है। इस दिन भक्त मां महागौरी की पूजा-अर्चना के साथ उनकी आरती करके देवी का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। माना जाता है कि अष्टमी पर सच्चे मन से की गई आराधना जीवन के सभी कष्टों को दूर कर सुख-समृद्धि प्रदान करती है। महा अष्टमी के दिन पूजा के साथ-साथ आरती का विशेष महत्व होता है। आरती के माध्यम से भक्त देवी के प्रति अपनी श्रद्धा और भक्ति व्यक्त करते हैं। यदि आप माता महागौरी की आरती के लिरिक्स पढ़ना चाहते हैं, तो यहां से पढ़ें संपूर्ण आरती...

अष्टमी पर कौन सी मां की आरती करें?

अष्टमी के दिन मां महागौरी के पूजन का विधान है। इस दिन मां दुर्गा के महागौरी रूप की पूजा की जाती है। इस दिन माता की पूजा करने के साथ उनकी आरती भी की जाती है। आरती के माध्यम से भक्त देवी मां के प्रति अपनी श्रद्धा और भक्ति व्यक्त करते हैं। घरों और मंदिरों में सुबह और शाम के समय दीप जलाकर, धूप-दीप और घंटी के साथ मां महागौरी की आरती की जाती है। आरती करने से वातावरण शुद्ध होता है और घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

अष्टमी की आरती के लिरिक्स (माता महागौरी की आरती)

जय महागौरी जगत की माया।

जय उमा भवानी जय महामाया॥

हरिद्वार कनखल के पासा।

महागौरी तेरा वहाँ निवासा॥

चंद्रकली और ममता अम्बे।

जय शक्ति जय जय मां जगदम्बे॥

भीमा देवी विमला माता।

कौशिकी देवी जग विख्याता॥

हिमालय की बेटी है गौरी।

पार्वती नाम से जानी भोली॥

रूप तेरा है अत्यंत निराला।

श्वेत वस्त्र में सजा है भाला॥

भक्तों के दुख हरने वाली।

मंगल करने वाली निराली॥

जो कोई श्रद्धा से ध्यावे।

मनवांछित फल वह पावे॥

जय महागौरी मां जय जय।

करो कृपा सब पर अंबे जय॥

अष्टमी पर कौन सी माता का पूजन करें?

नवरात्रि की अष्टमी तिथि को मां दुर्गा के आठवें स्वरूप मां महागौरी के पूजन का विधान है। यह देवी का अत्यंत शांत, सौम्य और उज्ज्वल स्वरूप है। मां महागौरी का पूजन करने से जीवन में शुद्धता, सुख-समृद्धि और मन की शांति मिलती है। मान्यता है कि महागौरी के आशीर्वाद से सभी कष्ट दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

gulshan kumar
गुलशन कुमारauthor

गुलशन कुमार टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल के हेल्थ सेक्शन से जुड़े हैं। फिटनेस और योग के प्रति उनकी रुचि उन्हें हेल्थ जर्नलिज्म की ओर लेकर आई, जहां वे आम लोगों की जीवनशैली, सेहत और वेलनेस से जुड़े विषयों पर लगातार काम कर रहे हैं। गुलशन अबतक 2,000 से अधिक आर्टिकल लिख चुके हैं। उनके लेखों में आसान भाषा में दी गई जानकारी, रिसर्च-बेस्ड टिप्स और रोजमर्रा की सेहत से जुड़े विषयों की स्पष्ट समझ दिखाई देती है। हेल्थ अवेयरनेस को बढ़ावा देना, फिटनेस को सरल तरीके से समझाना और बेहतर लाइफस्टाइल के लिए उपयोगी सुझाव देना—गुलशन की लेखन शैली की खासियत है।

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