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Chhath Geet Lyrics In Hindi: अनुराधा पौडवाल की आवाज में सुनें छठ के ये शानदार गाने

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  • Updated Oct 30, 2022, 05:04 PM IST

Chhath Puja Song: छठ पर्व के दौरान छठ के गीतों की काफी धूम रहती है। यहां देखिए अनुराधा पौडवाल (Anuradha Paudwal) की आवाज में छठ के मशहूर गीत।

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छठ पर्व के लोकप्रिय गीत

Chhath Puja Old Song Mp3: लोक आस्था का महापर्व छठ चल रहा है। ये त्योहार घर परिवार के सभी लोग मिलकर मनाते हैं। इस दौरान 36 घंटों का निर्जला व्रत रखा जाता है। छठ के अवसर पर इसके गीतों की बड़ी धूम रहती है। बिहार, झारखंड और पूर्वांचल में इस पर्व को बेहद धूमधाम से मनाया जाता है। छठ गीतों की वजह से पूरा माहौल भक्तिमय हो जाता है। छठ पर्व के तीसरे दिन सूर्य को अर्घ्य देने के बाद छठ के गीत सुने जाते हैं। छठ का त्योहार हो और अनुराधा पौडवाल के छठ गीतों की बात न हो ये कैसे हो सकता है। यहां आप देखेंगे अनुराधा पौडवाल के 5 सबसे लोकप्रिय छठ गीत।

छठ पूजा गीत (Chhath Puja Song)

अनुराधा पौडवाल की मधुर आवाज का हर कोई दीवाना माना जाता है। इन्होंने कई भक्ति गीतों में अपनी आवाज दी है। छठ पर्व आते ही इनके इस त्योहार से जुड़े गीत भी खूब वायरल होने लगते हैं।

कांच ही बांस के बहंगिया, बहंगी लचकत जाए...

उग हे सूरज देव, भेल भिनसरवा...

आदित मनाईला हो...

मारबो रे सुगवा धनुख से...

नारियल जे फरेला अवध से...

सनातन धर्म में छठ पूजा का बेहद महत्व माना जाता है। ये व्रत सूर्य भगवान को समर्पित है। ऐसी मान्यता है कि छठ पर्व के दिन सूर्य देव और छठी मैया की पूजा करने से संतान का जीवन सुखद और घर-परिवार में संपन्नता बनी रहती हैं। साथ ही सूर्यदेव व छठी मैया की कृपा से व्यक्ति के घर में धन का भंडार हमेशा भरा रहता है।

लवीना शर्मा
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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