अब तक ड्राइविंग लाइसेंस जारी होने में एक सप्ताह से लेकर 10 दिन तक का समय लग जाता था, जिससे आवेदकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। नए आदेश के बाद टेस्ट पास करते ही अगले 24 घंटे के अंदर लाइसेंस उपलब्ध करा दिया जाएगा। विभाग का मानना है कि इस बदलाव से सिस्टम ज्यादा प्रभावी और जनहितकारी बनेगा।
परिवहन एवं ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री श्रवण कुमार ने विभागीय समीक्षा बैठक के दौरान इस व्यवस्था को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा है कि ड्राइविंग लाइसेंस या वाहन रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र (आरसी) की प्रिंटिंग में किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, बिहार में हर महीने 55 हजार से अधिक ड्राइविंग लाइसेंस आवेदन जिला परिवहन कार्यालयों को मिल रहे हैं। हाल ही में 16 दिसंबर को कुल 1,840 ऑनलाइन आवेदन दर्ज किए गए। इनमें सबसे ज्यादा 234 आवेदन मुजफ्फरपुर जिले से आए। इसके बाद पटना से 163, गोपालगंज से 88 और समस्तीपुर व भागलपुर से 87-87 आवेदन प्राप्त हुए। बढ़ते आवेदनों को देखते हुए सभी जिलों के डीटीओ को लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया और तेज करने के निर्देश दिए गए हैं।
बिहार में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन और पारदर्शी है। इसके लिए आपको परिवहन मंत्रालय की सारथी पोर्टल (sarathi.parivahan.gov.in) पर जाकर आवेदन करना होता है। यहां आवेदन से लेकर टेस्ट और लाइसेंस जारी होने तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से पूरी की जाती है, जिससे समय और मेहनत दोनों की बचत होती है।