मुंबई में बुधवार को 'नीलकमल' नामक नाव के दुर्घटनाग्रस्त होने की वजह से 13 लोगों की मौत हो गई है। ये नाव करंजा के पास दुर्घटनाग्रस्त हुई। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के हवाले से सामने आई जानकारी के मुताबिक, 101 लोगों को बचा लिया गया है। इस हादसे में अब तक 13 लोगों की मौत हो गई है। नाव मुंबई से एलिफेंटा द्वीप की ओर जा रही थी तभी शाम करीब साढ़े छह बजे उरण, करंजा के पास यह हादसा हुआ।
भारतीय नौसेना ने बताया कि आज दोपहर को नौसेना के एक जहाज ने इंजन परीक्षण के दौरान इंजन में आई खराबी की वजह से मुंबई बंदरगाह में अपना नियंत्रण खो दिया। जिसकी वजह से जहाज एक यात्री नाव से जा टकराया, जो बाद में पलट गई। अबतक हादसे में 13 लोगों के मारे जाने की सूचना है। घटनास्थल से बचाए गए लोगों को पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
भारतीय नौसेना ने बताया कि 'आज दोपहर, भारतीय नौसेना के एक जहाज ने इंजन की खराबी के कारण मुंबई बंदरगाह में इंजन परीक्षण करते समय नियंत्रण खो दिया। परिणामस्वरूप, नाव एक यात्री नौका से टकरा गई जो बाद में पलट गई। अब तक 13 लोगों की मौत की सूचना मिली है। घटना स्थल से बचाए गए लोगों को पास के अस्पतालों में ले जाया जा रहा है। खोज और बचाव अभियान तुरंत शुरू कर दिया गया है, जिसमें 4 नौसेना हेलीकॉप्टर, 11 नौसेना के जहाज, एक तटरक्षक नाव और तीन समुद्री पुलिस के जहाज जीवित बचे लोगों को निकालने के लिए काम पर लगाए गए हैं।'
महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा, "मुंबई के पास बुचर द्वीप पर नौसेना की एक नाव दोपहर करीब 3.55 बजे नीलकमल नामक यात्री जहाज से टकरा गई। शाम 7.30 बजे तक की जानकारी के अनुसार 101 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है और 13 लोगों की मौत हो गई है। 13 मृतकों में 10 नागरिक और 3 नौसेना के जवान हैं। दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं, जिन्हें नौसेना के अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 11 क्राफ्ट और 4 हेलीकॉप्टरों का उपयोग करते हुए नौसेना, तटरक्षक और पुलिस ने बचाव अभियान चलाया है। लापता लोगों के बारे में अंतिम जानकारी कल सुबह उपलब्ध होगी। शोक संतप्त परिवारों को सीएम राहत कोष से 5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। पूरे मामले की जांच पुलिस और नौसेना द्वारा की जाएगी।"
नाव पलटने की घटना के तत्काल बाद रेस्क्यू अभियान चलाया गया। रक्षा मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि बचाव अभियान में नौसेना की 11 नाव, समुद्री पुलिस की तीन नाव और तटरक्षक बल की एक नाव इस्तेमाल की गई। अधिकारी ने बताया कि खोज एवं बचाव अभियान के लिए चार हेलीकॉप्टर की मदद ली गई।
नाव मुंबई से एलिफेंटा द्वीप की ओर जा रही थी तभी शाम करीब साढ़े छह बजे उरण, करंजा के पास यह हादसा हुआ। इस हादसे में अबतक 13 लोगों की मौत हो चुकी है।