भारत की एकमात्र रेलवे यूनिवर्सिटी गुजरात के वडोदरा में है। यह रेल मंत्रालय के तहत एक केंद्रीय यूनिवर्सिटी के तौर पर काम करती है। बहुत कम लोग जानते हैं कि यह यूनिवर्सिटी अपने आप में अनोखी है और युवाओं को रेलवे, एविएशन और लॉजिस्टिक्स जैसे सेक्टर में करियर के लिए तैयार करती है। (Image - CHATGPT)
गति शक्ति विश्वविद्यालय (GSV) गुजरात के वडोदरा के लालबाग इलाके में स्थित केंद्रीय विश्वविद्यालय है और यह रेल मंत्रालय के अंतर्गत आता है।
विश्वविद्यालय का फोकस रेलवे, ट्रांसपोर्टेशन, लॉजिस्टिक्स, एविएशन और मैरिटाइम जैसे क्षेत्रों से जुड़े शिक्षा और कौशल पर है।
बीटेक सिविल इंजीनियरिंग, बीटेक मैकेनिकल इंजीनियरिंग, बीटेक इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग और बीटेक इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग। इसके अलावा, यूनिवर्सिटी AI और डेटा साइंस में B.Tech भी कराती है। इन स्पेशलाइजेशन में स्टूडेंट्स को ट्रांसपोर्टेशन, लॉजिस्टिक्स और एविएशन इंजीनियरिंग में इस्तेमाल होने वाले AI टूल्स के बारे में जानकारी मिलेगी।
B.Tech में एडमिशन के लिए JEE Main 2026 क्वालिफाई करना जरूरी है। सीटें JoSAA/CSAB काउंसलिंग के जरिए मिलती हैं। अलग से GSV एंट्रेंस टेस्ट नहीं होता।
डे स्कॉलर के लिए 1,76,600 रुपये और हॉस्टलर के लिए 2,66,200 रुपये
विश्वविद्यालय की आधिकारिक जानकारी के अनुसार छात्रों के लिए वित्तीय सहायता और स्कॉलरशिप की सुविधा भी उपलब्ध है।
पहले "नेशनल रेल एंड ट्रांसपोर्टेशन इंस्टीट्यूट" (NRTI) के नाम से जानी जाने वाली इस केंद्रीय यूनिवर्सिटी को संसद में पास हुए एक कानून के बाद 2022 में "गति शक्ति यूनिवर्सिटी" का दर्जा मिला।