मुंबई : महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण की विकट हो रही स्थिति के बीच परेशान करने वाली खबर आई है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे का कहना है कि टीकाकरण केंद्रों पर वैक्सीन के डोज अब ज्यादा नहीं बचे हैं। टीके की डोज की कमी के चलते लोगों को टीकाकरण केंद्रों से वापस भेजा जा रहा है। टोपे ने बुधवार को कहा कि राज्य में कोरोना की स्थिति पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। आने वाले समय में सरकार को जब लगेगा तो वह प्रतिबंधों में जरूर छूट देगी। मंत्री ने कहा कि सरकार को संदेह है कि कोरोना का नया स्ट्रेन लोगों को ज्यादा संक्रमित कर रहा है।
ज्यादातर टीकाकरण केंद्रों पर समाप्त होने लगे टीके
मंत्री ने कहा, 'ज्यादातर टीकाकरण केंद्रों पर वैक्सीन के डोज समाप्त हो रहे हैं। इस कमी के चलते केंद्रों से लोगों को वापस भेजा जा रहा है। हमने केंद्र सरकार से 20 से 40 साल के उम्र के लोगों को प्राथमिकता से टीका लगाने की मांग की है। राज्य में कोरोना के हालात पर किसी को राजनीति नहीं करनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने इस बारे में अपील की है जिसका विपक्ष के नेता देवेंद्र फड़णवीस ने समर्थन किया है।'
कोरोना के हालात पर राजनीति न करे विपक्ष
टोपे ने कहा, 'कोरोना का प्रसार रोकने के लिए राज्य में लगे प्रतिबंधों के खिलाफ लोगों को उकसाने का काम विपक्ष को नहीं करना चाहिए। यदि किसी तरह की ढील देने की जरूरत पड़ी तो सरकार इस बारे में जरूर सोचेगी।' मंत्री ने आगे कहा कि सरकार को लगता है कि कोरोना का नया स्ट्रेन लोगों को कम समय में ज्यादा बीमार बना रहा है। इस बात का पता लगाने के लिए नमूने नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल के पास भेजे गए हैं।
पुणे, मुंबई में ज्यादा मिल रहे नए केस
महाराष्ट्र में मंगलवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 55,469 नए मामले सामने आए जिसके बाद यहां कुल मामले बढ़कर 31,13,354 हो गए। इसके साथ ही महामारी से 297 और मरीजों की मौत हुई। राज्य में इस महामारी से मरने वाले की संख्या 56,330 हो गई है। नए मामले पुणे, मुंबई, ठाणे, नागपुर, नासिक में ज्याद मिल रहे हैं। कोरोना केस में हो रही वृद्धि को देखते हुए केंद्र सराकर ने राज्यों को आरटी-पीसीआर जांच की दर बढ़ाने के लिए कहा है।

