लाइफस्टाइल

गलत पर्दे पूरे कमरे का लुक बिगाड़ सकते हैं, कैसे चुनें सही Curtains

सही पर्दा केवल खिड़की नहीं ढकता, बल्कि पूरे कमरे का लुक बदल सकता है। कमरे की जरूरत, रंग, कपड़े, लंबाई और रोशनी को ध्यान में रखकर पर्दा चुनेंगे, तो आपका घर बिना ज्यादा खर्च किए भी खूबसूरत और संतुलित दिखेगा।

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How to choose curtain for room

घर सजाने की बात आती है तो अक्सर लोग पहले सोफा, पेंट या फर्नीचर पर ध्यान देते हैं। लेकिन एक चीज ऐसी है जो बिना ज्यादा खर्च किए पूरे कमरे का लुक बदल सकती है, वो है पर्दा। आपने भी देखा होगा कि एक ही कमरा, सिर्फ पर्दे बदलने के बाद बिल्कुल नया लगने लगता है। सही पर्दा कमरे को बड़ा, वेंटिलेटेड और स्टाइलिश दिखा सकता है, जबकि बेढंगे पर्दे खूबसूरत कमरे को भी फीका बना देते हैं।

इसलिए पर्दा खरीदना सिर्फ रंग पसंद करने की बात नहीं है। कमरे में कितनी धूप आती है, दीवारों का रंग क्या है, छत कितनी ऊंची है और उस कमरे का इस्तेमाल किस काम के लिए होता है, ये सभी बातें मायने रखती हैं। अगर अगली बार नए पर्दे खरीदने जा रहे हैं, तो पहले इन आसान बातों को जरूर जान लीजिए।

कमरे के लिए पर्दा कैसे चुनें

हर कमरे की जरूरत अलग होती है। बेडरूम में लोग आराम और प्राइवेसी चाहते हैं, इसलिए वहां थोड़े मोटे तो इन दिनों ट्रेंड में चल रहे ब्लैकआउट-डार्क पर्दे लगाए जाते हैं। वहीं ड्रॉइंग रूम या लिविंग एरिया में हल्के और रोशनी आने देने वाले पर्दे चुने जाते हैं। ऐसे में अगर आप पर्दा खरीदने जा रहे हैं, तो पहले सोचिए कि आपको किस कमरे के लिए पर्दा चाहिए।

रंग है बहुत जरूरी

पर्दा दीवार से कंट्रास्ट पैटर्न का नहीं होना चाहिए, बल्कि ऐसा होना चाहिए जो दीवार के रंग के साथ मेल खाए। अगर कमरे में पहले से कई रंग हैं, तो सादा या हल्का पर्दा चुनें। वहीं अगर पूरा कमरा न्यूट्रल है, तो पर्दा हल्का-सा रंग जोड़ सकता है। इन दिनों पेस्टल या बेज शेड वाले ट्रांसपेरेंट, शियर तो जालीदार पर्दे भी ट्रेंडी हैं।

पर्दे का कपड़ा

हर खूबसूरत फैब्रिक हर कमरे के लिए सही नहीं होता। हल्के कॉटन या लिनेन के पर्दे दिन की लाइट पसंद करने वालों के लिए अच्छे हैं। मोटे फैब्रिक वाले पर्दे गर्मी, तेज धूप और प्राइवेसी के लिए बेहतर रहते हैं। तो अपनी पसंद और जरूरत के हिसाब से पर्दा चुनें। पर्दा ऐसा भी होना चाहिए, जिसके कपड़े को साफ करना आसान हो।

लंबाई तय करेगी पूरा लुक

एक छोटी-सी गलती कई बार पूरा इंटीरियर बिगाड़ देती है। अगर संभव हो, तो पर्दे को खिड़की तक सीमित रखने की बजाय छत के थोड़ा नीचे से शुरू करें और लगभग फर्श तक आने दें। इससे कमरा ज्यादा ऊंचा और बड़ा महसूस होता है।

पर्दे कितने महंगे होते हैं

अच्छे पर्दों की कीमत उनके कपड़े, डिज़ाइन, क्वालिटी और साइज पर निर्भर करती है। आमतौर पर तो अच्छे पर्दों की कीमत लगभग ₹500 से शुरू होती है। मीडियम क्वालिटी के पर्दे ₹1,500 से ₹5,000 तक मिल जाते हैं, जबकि प्रीमियम और ब्रांडेड पर्दों की कीमत ₹10,000 से ₹50,000 या उससे भी अधिक हो सकती है। लक्ज़री, कस्टम-मेड और आयातित पर्दे लाखों रुपये तक के भी उपलब्ध होते हैं, जो विशेष इंटीरियर सजावट के लिए खरीदे जाते हैं।

अब ये भी समझना जरूरी है कि, सोशल मीडिया पर जो पर्दा खूबसूरत दिख रहा है, जरूरी नहीं कि वह आपके घर में भी वैसा ही लगे। हमेशा अपने कमरे की रोशनी, साइज और जरूरत के हिसाब से फैसला लें। घर सजाना किसी ट्रेंड की कॉपी नहीं, बल्कि अपनी पसंद और आराम का मेल है।

Avni Bagrola
अवनी बागरोलाauthor

अवनी बागरोला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के लाइफस्टाइल सेक्शन में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। फैशन, ब्यूटी, ट्रेंड्स, पर्सनल स्टाइलिंग और आधुनिक जीवनशैली से जुड़े कंटेंट पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें युवा और स्टाइल-सेवी ऑडियंस के बीच खास पहचान दिलाती है। अवनी की लेखन शैली सरल, ट्रेंडी और यूज़र-फ्रेंडली है, जो पाठकों को तेजी से बदलते फैशन व लाइफस्टाइल ट्रेंड्स को समझने में मदद करती है। अब तक 2,500 से अधिक आर्टिकल्स लिख चुकी अवनी क्रिएटिव अप्रोच, अपडेटेड नॉलेज और रियल-टाइम ट्रेंड सेंस के लिए जानी जाती हैं।

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