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Holi Colors Side Effects: होली के रंगों के ये होते हैं साइड इफेक्ट, सावधानी से खेलें रंग - इन बातों का रखें ध्यान

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Mar 5, 2023, 10:40 PM IST

Holi Colors Side Effects: होली का त्योहार हमारे जीवन में ढेर सारी खुशियां और उत्साह लेकर आता है। लेकिन होली वाले रंगों में रसायनों के होने के चलते छींक, एलर्जी और गले में खराश जैसी परेशानियां देखी जाती हैं। वहीं बालों सहित हेल्थ के लिए भी यह काफी हानिकारक साबित होता है।

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जरूरी बातों को ध्यान में रखकर खेलें होली

KEY HIGHLIGHTS
  • बाजार में टॉक्सिन्स और केमिकल से भरपूर रंग मिलते हैं
  • आपकी स्किन और बालों पर रसायनों वाले रंगों का काफी बुरा असर पड़ सकता है
  • होली के रंग में भंग ना पड़े इसके लिए इन जरूरी सेफ्टी टिप्स का भी रखें ख्याल

Holi Colors Side Effects: होली का सबको बेसब्री से इंतजार रहता है। होली के त्योहार में रंग व गुलाल का इस्तेमाल वातावरण को रंगीन बना देता है। बच्चे तो गुब्बारों में रंग भर-भरकर आने जाने वालों को रंगों से भीगा देते हैं, लेकिन रंग और गुलाल अक्सर केमिकल युक्त होते हैं। काले रंग में लेड ऑक्साइड, नीले में कोबाल्ट नाइट्रेट, हरे में कॉपर सल्फेट, लाल रंग में मरकरी सल्फेट जैसे हानिकारक रसायन मिले होते हैं। रंगों को चमक देने के लिए माइका और ग्लास पार्टिकल्स भी मिलाए जाते हैं। रंगों में इन चीजों की मौजूदगी आपकी स्किन में कई समस्या पैदा कर सकती हैं।

होली के रंगो के साइड इफेक्ट-

  1. इन केमिकल्स के कारण त्वचा पर एलर्जी, ड्राईनेस, खुजली ,चकत्ते, घाव, फोड़े-फुंसी जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
  2. होली खेलते समय यदि रंग आंखों में चला जाए तो आंखों में इंफेक्शन, कॉर्नियल अल्सर, कंजेक्टिवाइटिस, इचिंग, रेडनेस इत्यादि होने का खतरा बना रहता है। यदि रंग आंखों में चला जाए तो आंखों को रगडें नहीं, पानी की छींटे लगातार आंखों में मारे जिससे रंग पूरी तरीके से साफ हो जाएगा।
  3. सांस संबंधित रोगियों को रंग से गंभीर समस्या उत्पन्न हो सकती है। यदि केमिकल युक्त रंग सांस के जरिए शरीर में पहुंच जाए तो इससे अस्थमा अटैक का भी खतरा पैदा हो सकता है। ऐसे लोग कोशिश करें कि चेहरे पर रुमाल बांधकर या मास्क पहनकर ही होली खेलें। सूखे रंग या गुलाल के साथ होली ना खेलें।
  4. होली खेलते समय यदि रंग आपके बालों में पड़ जाए तो इसमें मौजूद केमिकल्स स्कैल्प को नुकसान पहुंचाते हैं। इससे डेंड्रफ और खुजली की समस्या होती है। यही नहीं बल्कि बाल ड्राई होते हैं व हेयर फॉल की समस्या बढ़ जाती है। प्रयास करें कि बालों का जुड़ा बना लें या सिर कवर कर लें, जिससे रंग आपके बालों में ना जाए।

रंगों में पाए जाने वाला लेड ऑक्साइड यदि किडनी तक पहुंच जाए तो यह किडनी के लिए बहुत नुकसानदायक है। किडनी फेलियर भी इसका एक परिणाम हो सकता है। प्रयास करें कि हर्बल रंगों का ही इस्तेमाल करें। मार्केट में उपलब्ध रंगों के बजाय आप इनको घर पर भी बना सकते हैं एवं होली में रंगों के साथ भरपूर आनंद उठा सकते हैं।

(डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता।)

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