देश

उत्तरकाशी टनल हादसा: रेस्क्यू जारी, बोरिंग के लिए आई ऑगर मशीन, पाइप से निकाले जाएंगे फंसे मजदूर

  • Written by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Nov 14, 2023, 08:57 AM IST

Uttarkashi Tunnel Accident : जेसीबी व अन्य मशीनों से मलबा हटाने का काम जारी है। इसके अलावा मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए देहरादून से ऑगर मशीन मंगवाई गई है, जिससे कि सीवर लाइन बनाने की तरह बोरिंग की जाएगी। इस काम में चौबीस घंटे का समय लग सकता है जिसके बाद ढाई फीट व्यास के पाइप डाले जाएंगे।

Uttarkashi Tunnel Accident : उत्तराखंड के उत्तरकाशी में निर्माणाधीन सुरंग के ढहने से उसमें फंसे 40 मजदूरों को निकालने के लिए प्रशासन की ओर से प्रयास और तेज कर दिए गए हैं। टनल में बोरिंग करने के लिए देहरादून से बोरिंग के लिए ऑगर मशीन मंगवाई गई हैं जिससे बोरिंग कर ढाई फीट व्यास का पाइप डाला जाएगा। इस पाइप के जरिए सभी मजदूरों को बाहर निकाल लिया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि इस काम में एक से दो दिन का समय लग सकता है। घटनास्थल पर 900 एमएम डायमीटर का पाइप लेकर ट्रक भी पहुंच गया है।

पाइपलाइन से पहुंचाई जा रही ऑक्सीजन

वहीं जेसीबी व अन्य मशीनों से मलबा हटाने का काम जारी है। इसके अलावा मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए देहरादून से ऑगर मशीन मंगवाई गई है, जिससे कि सीवर लाइन बनाने की तरह बोरिंग की जाएगी। इस काम में चौबीस घंटे का समय लग सकता है जिसके बाद ढाई फीट व्यास के पाइप डाले जाएंगे। इससे सभी मजदूर बाहर आ जाएंगे। बताया कि इस काम में एक से दो दिन का समय लग सकता है। जिस स्थान पर मजदूर हैं इसके अलावा पाइपलाइन से भी ऑक्सीजन भेजी जा रही है।

रविवार सुबह हुआ हादसा

बता दें कि उत्तरकाशी जिले में ब्रह्मखाल-यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर निर्माणाधीन सुरंग का एक हिस्सा रविवार सुबह अचानक ढह गया जिससे उसके भीतर 40 श्रमिक फंसे हुए हैं। अधिकारियों ने कहा कि सुरंग के अंदर फंसे सभी 40 कर्मचारी सुरक्षित हैं और उनके साथ संपर्क स्थापित हो गया है।

इन राज्यों के हैं श्रमिक

राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ), भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) और सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) सहित कई एजेंसियों के कर्मियों द्वारा बचाव के प्रयास जारी हैं। अधिकारियों ने कहा कि ओडिशा के पांच मजदूरों के अलावा, 15 झारखंड से, आठ उत्तर प्रदेश से, चार बिहार से, तीन पश्चिम बंगाल से, दो-दो उत्तराखंड और असम से और एक हिमाचल प्रदेश से है।

टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article