Arvind And Sunita Keriwal Meeting: दिल्ली आबकारी नीति मामले में तिहाड़ जेल में बंद दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल से आज उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल ने मुलाकात की। सुनीता केजरीवाल और दिल्ली सरकार में मंत्री आतिशी के साथ तिहाड़ जेल पहुंचीं। इससे पहले खबर आई थी कि तिहाड़ प्रशासन ने सुनीता को अरविंद केजरीवाल से मुलाकात करने की इजाजत नहीं दी है। इसे लेकर आप नेताओं ने बीजेपी और पीएम मोदी पर जमकर हमला बोला था। लेकिन तिहाड़ जेल प्रशासन ने इस आरोप को खारिज कर दिया था।
आतिशी ने बताया क्या-क्या चर्चा हुई
केजरीवाल से मुलाकात के बाद आतिशी ने कहा कि पहले राजनीतिक कैदियों से अच्छा बर्ताव किया जाता था, लेकिन अब तानाशाही चल रही है। उन्होंने कहा कि केजरीवाल ने दिल्ली की जनता के किए वादों के बारे में पूछा पूछा कि क्या लोगों को सस्ती दवाएं मिल रही हैं। जेल में केजरीवाल से मुलाकात के बाद आतिशी ने संवाददाताओं से कहा कि जब मुख्यमंत्री से कुशलक्षेम पूछी गई तो उन्होंने इस बारे में बात करने के बजाय यह सवाल किया कि क्या स्कूली बच्चों को किताबें मिल रही हैं और क्या मोहल्ला क्लीनिक में दवाइयां पहुंच रही हैं?
आप का दावा, सुनीता को मुलाकात की नहीं दी गई इजाजत
आम आदमी पार्टी की ओर से दावा किया गया था कि तिहाड़ जेल प्रशासन ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल को उनके पति से 29 अप्रैल को मिलने की अनुमति नहीं दी है। सोशल मीडिया मंच पर एक्स पर एक पोस्ट में पार्टी ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार के इशारे पर तिहाड़ जेल प्रशासन ने सुनीता केजरीवाल की उनके पति अरविंद केजरीवाल से मुलाकात रद्द कर दी। मोदी सरकार अमानवीयता की सारी हदें पार कर रही है।
कहा, सीएम के साथ आतंकियों जैसा बर्ताव
पार्टी ने कहा था, सुनीता केजरीवाल को सोमवार को उनसे मिलना था, लेकिन तिहाड़ प्रशासन ने अनुमति देने से इनकार कर दिया है। जेल प्रशासन ने अनुमति देने से इनकार करने का कोई कारण नहीं बताया है। एक निर्वाचित मुख्यमंत्री के साथ आतंकवादी जैसा व्यवहार किया जा रहा है। मोदी सरकार को देश की जनता को बताना चाहिए कि वह सुनीता केजरीवाल जी को उनके पति अरविंद केजरीवाल जी से क्यों नहीं मिलने दे रही है।
